फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Rampur News: आजम खां को एक मामले में राहत तो दूसरे में लगा झटका

विज्ञापन
विज्ञापन
रामपुर। सपा नेता आजम खां से जुड़े दो मामलों में एमपी-एमएलए सेशन कोर्ट ने शनिवार को फैसला सुनाया। सपा नेता को एक मामले में राहत मिली तो दूसरे में झटका लगा। पड़ोसी पर हमला करने के मामले में आजम, उनके बेटे अब्दुल्ला, भाई शरीफ अहमद और भतीजे बिलाल खां को कोर्ट ने साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया। वहीं अब्दुल्ला के दो जन्म प्रमाणपत्र मामले में मिली सात साल की सजा के खिलाफ दायर आजम, उनकी पत्नी डॉ. तजीन फात्मा और अब्दुल्ला की अपील को कोर्ट ने खारिज कर दिया। कोर्ट ने निचली अदालत के फैसले को बरकरार रखा है। गंज थाने में दर्ज पड़ोसी पर हमले के मामले में एमपी-एमएलए सेशन कोर्ट के जज डाॅ. विजय कुमार ने सपा नेता आजम खां को उनके भाई, भतीजे और बेटे समेत बरी कर दिया। यह मुकदमा जेल रोड निवासी मोहम्मद अहमद ने 29 अगस्त 2019 को दर्ज कराया था। इसमें घर में घुसकर जानलेवा हमला करने, रंगदारी मांगने और आपराधिक साजिश रचने का आरोप लगाया था।
विज्ञापन

वहीं कोर्ट ने अब्दुल्ला आजम के दो जन्म प्रमाणपत्र बनवाने के मामले में मिली सात साल की सजा के खिलाफ दायर आजम, अब्दुल्ला और तजीन फात्मा की अपील को खारिज कर दिया। सेशन कोर्ट ने निचली अदालत के फैसले को बरकरार रखा है। एमपी-एमएलए मजिस्ट्रेट ट्रायल कोर्ट ने 18 अक्तूबर को आजम खां, अब्दुल्ला और तजीन फात्मा को सात-सात साल की कैद व पचास हजार रुपये जुर्माना अदा करने की सजा सुनाई थी।
तभी से आजम खां सीतापुर, अब्दुल्ला हरदोई और तजीन फात्मा रामपुर जेल में बंद हैं। शनिवार को सुनवाई के लिए आजम खां को सीतापुर और अब्दुल्ला को कड़ी सुरक्षा के बीच हरदोई जेल से लाया गया। कोर्ट में पेशी के बाद उन्हें वापस जेल भेज दिया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें