आईजी अमिताभ ठाकुर और उनकी पत्नी नूतन ठाकुर समेत तीन के सपा कार्यकर्ता ने झूठा मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस की विवेचना में सपा कार्यकर्ता फंस गया है। पुलिस ने मामले की विवेचना करते हुए सभी आरोपों को झूठा माना है। साथ ही मुकदमा लिखवाने वाले सपा कार्यकर्ता के खिलाफ झूठा मुकदमा लिखाने पर कार्रवाई कर दी है।
यूपी पुलिस के महानिरीक्षक अमिताभ ठाकुर और उनकी समाजसेवी पत्नी नूतन ठाकुर व आरटीआई कार्यकर्ता दानिश खां के खिलाफ सपा कार्यकर्ता पक्का बाग स्थित घेर बाज खां निवासी सोनू कठेरिया ने 13मार्च 2016 को कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया था। उसका आरोप था कि आईजी समेत तीन लोगों ने रामपुर में नगर विकास मंत्री आजम खां पर आपत्तिजनक टिप्पणी की थी।
साथ ही अमार्यदित भाषा का इस्तेमाल कर माहौल को बिगाड़ने की कोशिश की थी। पुलिस ने उस वक्त तीनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया। मामला आईजी से जुड़ा होने की वजह से इस पूरे प्रकरण की विवेचना सीओ मिलक ओपी आर्य ने मामले की विवेचना की।सीओ ने आईजी व उनकी पत्नी समेत तीन को क्लीन चिट दे दी साथ ही यह भी पाया कि सपा कार्यकर्ता ने दवाब में आकर आईजी के खिलाफ मुकदमा लिखवाया था। उसे झूठा मुकदमा लिखवाने का केस चलेगा।