खीरों (रायबरेली)। सेमरी के राजकीय इंटर कॉलेज परिसर के पुराने कक्ष में शनिवार रात मिले कंकाल की पहचान उदयराज के रूप में हुई है।
उसके भाई ने कपड़ों से उसकी पहचान की। ठकुराइन खेड़ा मजरे बकुलिहा गांव निवासी कमलेश कुमार यादव ने बताया कि उदयराज डेढ़ माह पूर्व पितृ पक्ष के दो दिन पहले अपने घर से निकला था। तब से घर वापस नहीं आया।
उसने बताया कि अमर उजाला में खबर पढ़कर उसे इसकी जानकारी हुई तो वह पोस्टमार्टम हाउस पहुंचा और कपड़ों के जरिए उसकी पहचान की।
भाई ने बताया कि बताया कि उदयराज मानसिक रूप से बीमार था। डेढ़ महीने पहले उसने अपनी एक भैंस बेची थी। रुपये लेकर वह रेलवे स्टेशन रघुराज सिंह गया था, जहां रात में किसी ने उसके 42 हजार रुपये, मोबाइल व साइकिल छीन ली थी। घर वापस आने पर उसने पूरी बात बताई।
चोरी के दूसरे दिन वह घर से निकल गया और फिर वापस नहीं आया। मृतका के भाई के मुताबिक उसकी पत्नी सिद्धेश्वरी अपनी चार पुत्रियों को लेकर अपने मायके मौरावां थाना क्षेत्र के चौधरीनखेड़ा में रहती है।
एसओ बृजेश कुमार सिंह ने बताया कि नरकंकाल की पहचान कपड़ों से उसके भाई ने की है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।