रायबरेली। रायबरेली-बांदा हाईवे पर लालगंज स्थित रेलवे ओवरब्रिज से लोग जल्द फर्राटा भर सकेंगे। मरम्मत के बाद इस पर अब लोड टेस्ट का काम चल रहा है। आवागमन शुरू होने से प्रतिदिन आने-जाने वाले करीब एक लाख से ज्यादा लोगों को सहूलियत मिलेगी।
रायबरेली-बांदा हाईवे का निर्माण 2019 में कराया गया। करीब 558 लाख रुपये की लागत से बने हाईवे का लोकार्पण प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 16 दिसंबर 2019 में किया था। हाईवे के साथ लालगंज में जाम की समस्या से राहत दिलाने के लिए बाईपास का निर्माण कराया गया। साथ ही इस पर रेलवे ओवरब्रिज का निर्माण कराया गया, लेकिन पांच माह में ओवरब्रिज क्षतिग्रस्त हो गया था।
इस दौरान निर्माण में मनमानी किए जाने के आरोप लगाए गए थे। ओवरब्रिज के क्षतिग्रस्त होने के बाद इससे आवागमन रोक दिया गया। बाद लंबी प्रक्रिया के तहत कार्यदायी संस्था ने दोबारा ओवरब्रिज का निर्माण कराया। अब ओवरब्रिज का निर्माण पूरा होने के बाद अब इस पर भारी वाहनों काे खड़ा कर लोड टेस्ट किया जा रहा है। लोड टेस्ट की प्रक्रिया तीन दिनाें तक चलेगी। इसके बाद वाहनों के आने-जाने के लिए इसे खोल दिया जाएगा।
लालगंज में प्रतिदिन लगता जाम
बाईपास से आवागमन बंद होने से छोटे और भारी वाहन लालगंज कस्बे के अंदर से होकर निकल रहे हैं। इस वजह से प्रतिदिन जाम की समस्या से लोगों को जूझना पड़ रहा है। सबसे ज्यादा समस्या उस समय होती है, जब कस्बे के अंदर रेलवे का गेट बंद हो जाता है। इससे लोगों को जाम की समस्या का सामना करना पड़ता है।
रेलवे पर बने ओवरब्रिज की मरम्मत का काम पूरा हो गया है। अब इस पर लोड टेस्ट किया जा रहा है। तीन दिनों तक लोड टेस्ट करने के बाद आवागमन शुरू करा दिया जाएगा।
-अर्जुन सिंह, डिप्टी मैनेजर, एनएचएआई