कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका स्कूल ऊंचाहार की वार्डन की नौकरी तो बच गई, लेकिन उन्हें वहां से हटाकर गौरा स्कूल का वार्डन बनाया गया है, जबकि इसी स्कूल की विवादित शिक्षिका की सेवाएं समाप्त कर दी गई हैं।
बछरावां स्कूल के लेखाकार और अमावां की पूर्व प्रभारी वार्डन व मुख्य रसोइये की सेवा भी समाप्त कर दी गई।
ऊंचाहार की वार्डन अर्चना केसरवानी की संविदा का नवीनीकरण करके उन्हें कस्तूरबा स्कूल गौरा भेजा गया है। विवादित शिक्षिका सरिता की सेवा समाप्त कर दी गई है।
ऊंचाहार में एक सीनियर शिक्षिका को प्रभारी बनाया जाएगा। इसके अलावा बछरावां की लेखाकार रेखा सुरेश यादव की संविदा भी समाप्त कर दी गई है।
कस्तूरबा स्कूल अमावां में पूर्व वार्डन व पूर्णकालिक शिक्षिका वंदना चौधरी और मुख्य रसोइया मायादेवी की संविदा का नवीनीकरण न करके सेवा से मुक्त कर दिया गया।
बीएसए राम सागर पति त्रिपाठी ने बताया कि तत्काल आदेश का पालन करने का आदेश दिया गया है। कस्तूरबा स्कूलों में कार्यरत स्टाफ के नवीनीकरण का काम एक महीने पहले ही हो जाना चाहिए था, लेकिन विभागीय अधिकारियों की लापरवाही के कारण यह काम पूरा नहीं हो सका था।
बीती 27 जून को सभी की संविदा का नवीनीकरण कर दिया गया था, लेकिन आपसी विवाद होने के कारण ऊंचाहार के कस्तूरबा स्कूल में किसी का भी नवीनीकरण नहीं किया गया था।