ऊंचाहार (रायबरेली)। तहसीलदार व अधिवक्ताओं के बीच चल रही खींचतान के बीच एडीएम अधिवक्ताओं के धरना स्थल पर पहुंचे। वकीलों से वार्ता करके समस्या को दूर कराने का प्रयास किया, लेकिन वकील नहीं माने।
सभी तहसीलदार को हटाने की मांग पर अड़े रहे। धरनास्थल पर ही वकीलों ने मुख्यमंत्री को संबोधित 36 सूत्री ज्ञापन एडीएम को सौंपा।
तहसील बार एसोसिएशन के अधिवक्ता तहसीलदार अजय गुप्ता के खिलाफ लामबंद हैं। अधिवक्ता लगातार तीसरे दिन शनिवार को तहसीलदार के खिलाफ नारेबाजी की और कार्य बंद कर धरने पर बैठे रहे।
नारेबाजी व हंगामे के बीच समाधान दिवस में आए एडीएम वित्त एवं राजस्व प्रेम प्रकाश उपाध्याय अधिवक्ताओं के पास पहुंचे और उनकी बात सुनी। अधिवक्ताओं ने बताया कि तहसीलदार हिटलरशाही पर उतारू हैं।
अधिवक्ताओं व मुवक्किलों को धक्का मारकर ऑफिस से भगाते हैं। वकीलों ने फरियादियों से दुर्व्यवहार, तहसीलदार के अन्य तहसीलों में भी विवादित रहने, अधिवक्ता संदीप सिंह का टिनशेड व फर्नीचर उठवाने, अधिवक्ता का चैंबर तोड़वाने सहित 36 शिकायतों से संबंधित मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपा।
एडीएम ने अधिवक्ताओं को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वकील तहसीलदार के स्थानांतरण होने तक धरना जारी रखने बात कही। बाद में एडीएम ने अधिकारियों से बात कर मामले का निराकरण कराने का आश्वासन दिया।
एडीएम ने बताया कि अधिवक्ताओं के आरोप से संबंधित बिंदुओं पर जांच कराई जाएगी। जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।