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सोने-चांदी के सिक्के ही नहीं लक्ष्मी गणेश का भी बढ़ा क्रेज

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रायबरेली में बुधवार को सराफा बाजार में सोने-चांदी से बनी लक्ष्मी-गणेश की मूर्ति खरीदती महिलाएं। - फोटो : RAIBARAILY
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रायबरेली। कोरोना के बीच भी धनतेरस और दीपावली को लेकर लोगों में जबरदस्त उत्साह है। सराफा बाजार भी दमकने लगा है। पूजा के लिए इस बार सोने-चांदी के सिक्के के साथ ही लक्ष्मी-गणेश का भी मांग है। ऐसे में सराफा व्यापारी पूरी तरह से तैयार हैं। धनतेरस आज है और दिवाली शनिवार को है। इसलिए खरीदारी के लिए लोगों की भीड़ दुकानों में पहुंचने लगी है।
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दीपावली पर सोने-चांदी के सिक्के खरीदना शुभ माना है। ज्यादातर लोग पुराने सिक्के खरीदते हैं। जिले में करीब 300 सराफा की दुकानें हैं। इस बार लोगों में सोने- चांदी के सिक्के के साथ ही लक्ष्मी-गणेश भी खरीदने का क्रेज बढ़ा है। शहर के बड़े सराफा व्यवसायी पुरुषोत्तम गुप्ता का कहना है कि धनतेरस से पहले ही सोने-चांदी के दामों में कमी आई है। 20 नवंबर से सहालग भी शुरू हो रही है। इसलिए कोरोना के बावजूद लोग इस मौके को हाथ से जाने नहीं देना चाहते है।
सोने के सिक्के एक ग्राम से 10 ग्राम तक 530 रुपये से लेकर 53 हजार तक
चांदी के सिक्के (वजन के अनुसार) 700 रुपये से लेकर सात हजार तक
चांदी के पांच सौ के नोट 250 से 500 रुपये
चांदी के एक हजार के नोट 500 से 600 रुपये
चांदी का पुराना सिक्का 900 रुपये
सोने-चांदी के लक्ष्मी-गणेश एक हजार से 10 हजार रुपये तक
दीपावली में सराफा दुकानों में काफी रौनक है। इसमें सोने-चांदी के सिक्के और मूर्तियों के साथ ही जेवरात की भी खूब बिक्री होती है। महिलाओं को लुभाने के लिए सोने के नेकलेस और रिंग धूम मचा रही है। सराफा व्यवसायी प्रमोद वर्मा, विमल सोनी व विजय सोनी का कहना है कि सोने के नेकलेस आकर्षक डिजाइन के हैं। इसकी मांग सबसे अधिक है। विजय सोनी बताते है कि डायमंड रिंग की भी मांग बढ़ी है।
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बाजार में ग्राहकों को लुभाने के लिए नकली सिक्कों और जेवरात भी खूब हैं। हर साल दीपावली में चांदी के पुराने सिक्कों की मांग बढ़ जाती है। ऐसे में सबको सोच-समझकर खरीदना चाहिए। सराफा दिनेश गुप्ता व सतेंद्र कुमार बताते हैं कि नकली पुराने सिक्के भी आने लगे हैं। ग्राहक विश्वसनीय दुकान में जाकर खरीदें। नए सिक्के और जेवरात हॉलमार्क वाले ही खरीदे।
धनतेरस पर बर्तन खरीदने का प्रचलन है। यही वजह है कि सबसे अधिक भीड़ लोगों की बर्तन की दुकानों पर रहती है। कैपरगंज और मालखाना गली में बर्तन की दुकानों पर लोग जुटने लगे हैं। चम्मच, कटोरी से लेकर थाली, बर्तन स्टैंड दुकानों पर उपलब्ध है। बर्तन व्यापारी दिनेश, मन्नूलाल का कहना है कि बर्तन कारोबार भी धनतेरस पर चमकेगा।
इलेक्ट्रॉनिक्स उपकरणों का बाजार भी सज गया है। टीवी, फ्रिज, मोबाइल फोन, एसी व वॉशिंग मशीन समेत अन्य सामान की बिक्री धनतेरस पर होती है। उपभोक्ताओं को लुभाने के लिए दुकानदार ऑफर भी दे रहे हैं। ऐसे में इलेक्ट्रॉनिक्स उपकरणों की धनतेरस पर अच्छी खरीद होने की उम्मीद है। इलेक्ट्रॉनिक्स व्यापारी सूरज गुप्ता व राजेश गुप्ता कहते है कि मोबाइल फोन और टीवी की बिक्री अधिक होती है।
चार पहिया से लेकर दो पहिया वाहनों की खरीद के लिए लोगों में भी उत्साह दिख रहा है। अधिकांश लोगों ने शोरूम में पहले से वाहनों की बुकिंग कर ली है। विभिन्न कंपनियों के वाहनों के साथ आकर्षक ऑफर भी देने का दावा किया जा रहा है।
कपड़ा का बाजार भी खूब गर्म है। दुकानों पर चहल-पहल बढ़ गई है। सर्द मौसम की शुरुआत होने पर कोई साड़ी, सूट के साथ ऊनी कपड़ों की खरीदारी करेगा। साड़ी विक्रेता सतेंद्रर सिंह व सोनू गांधी का कहना है कि सबसे अधिक भीड़ साड़ी, सूट और रेडीमेड कपड़ों की दुकानों रहने की उम्मीद है। लोग पैंट-शर्ट समेत अन्य कपड़े भी खरीदने में रुचि दिखाएंगेे।
उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के जिलाध्यक्ष बसंत सिंह बग्गा और उद्योग व्यापार मंडल रायबरेली के प्रदेश महामंत्री पंकज मुरारका का कहना है कि कोरोना के बाद भी बाजार में उत्साह दिख रहा है। इसलिए उम्मीद है कि धनतेरस और दिवाली पर सराफा, कपड़ा समेत अन्य की खरीदारी खूब होगी। उनका कहना है कि धनतेरस और दिवाली पर एक अरब से ज्यादा का कारोबार होने की उम्मीद है।
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