रायबरेली। जुुमे की नमाज को लेकर फिर सुरक्षा व्यवस्था को हाई अलर्ट कर दिया गया है। संवेदनशील इलाकों में चप्पे-चप्पे पर पुलिस बल तैैनात रहेगी। अराजकतत्वों की हर गतिविधि पर नजर रखने के लिए सादी वर्दी में भी पुलिस कर्मियों को तैनात कर दिया गया है।
डीएम माला श्रीवास्तव, एसपी आलोक प्रियदर्शी, अपर पुलिस अधीक्षक विश्वजीत श्रीवास्तव, सीओ सदर वंदना सिंह, सदर कोतवाल राघवन कुमार सिंह, मिल एरिया थानेदार रेखा सिंह ने शहर क्षेत्र के मुस्लिम बाहुल्य इलाकों का निरीक्षण किया।
इस दौरान डीएम-एसपी ने सभी लोगों से भाईचारा बनाने की अपील की। साथ ही हिदायत दी कि यदि किसी ने कानून तोड़ने की कोशिश की तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।
शहर क्षेत्र में संवेदनशील के रूप में 17 स्थान चिह्नित किए गए हैं। इसमें कहारों का अड्डा, गुलाब रोड, खिन्नीतल्ला, तकिया, बड़ी घोसियाना, गुलाब रोड, अहियारायपुर, जोशियाना पुल आदि शामिल हैं। ये इलाके मुस्लिम बाहुल्य माने जाते हैं। हिंदुओं की संख्या भी यहां पर अच्छी खासी है।
एक बार फिर शुक्रवार को जुमे की नमाज है। इसी देखते हुए 17 स्थान पर एक मजिस्ट्रेट की अगुवाई में छह सिपाही, एक दरोगा की ड्यूटी लगाई गई है।
इसके अलावा डेढ़ सेक्सन पीएसी के जवान तैनात किए गए हैं। एसपी ने बताया कि जुमे की नमाज को लेकर सुरक्षा व्यवस्था को हाई अलर्ट कर दिया गया है। अराजकतत्वों पर पैनी नजर रखी जा रही है।
आपातकाल स्थिति से निपटने का किया अभ्यास
सलोन-महराजगंज। पुलिस ने क्षेत्र में कानून व्यवस्था के मद्देनजर किसी भी आकस्मिक परिस्थिति, दंगा और बलवा से निपटने तथा नियंत्रण के लिए पुलिसकर्मियों ने अभ्यास किया। आकस्मिक परिस्थिति में सुरक्षा, शांति एवं कानून व्यवस्था को बेहतर किए जाने के लिए सलोन कोतवाली परिसर में कोतवाल संजय त्यागी के नेतृत्व में दंगा नियंत्रण ड्रिल का अभ्यास किया गया।
अभ्यास के दौरान भीड़ को तितर-बितर करने, लाठी चार्ज, आंसू गैस के गोले, एंटी राइट गन, टीयर गैस गन, हैंड ग्रेनेड आदि शस्त्रों से संबंधित अभ्यास कराया गया। कोतवाल ने बताया कि छोटी सी घटना भी बड़ी रूप ले सकती है। इसके लिए तैयारियां बहुत महत्वपूर्ण हैं। उधर, महराजगंज कोतवाली परिसर में एसएसआई संतोष सिंह यादव के नेतृत्व में पुलिस ने रिहर्सल किया।