एमएलसी पद के लिए गुरुवार को छिटपुट विवाद के बीच 99.33 फीसदी मतदान हुआ। इसी के साथ तीन प्रत्याशियों का भाग्य मतपेटियों में बंद हो गया।
सलोन में बूथ के अंदर मोबाइल से बात करने और बैठने को लेकर प्रत्याशी और सीओ सलोन के बीच जमकर कहासुनी और एक-दूसरे को देख लेने की धमकी से अफरातफरी रही।
डीएम सूर्यपाल गंगवार व एसपी हरिनारायण सिंह ने ब्लॉकों का निरीक्षण करके मतदान पर पूरी नजर रखी। जिले के 18 ब्लॉकों में कड़ी सुरक्षा के बीच गुरुवार सुबह वोटिंग शुरू हुई।
पहले तो मतदान की रफ्तार धीमी रही, लेकिन बाद में इसमें तेजी आ गई। छुटपुट विवाद को छोड़ दिया जाए तो मतदान शांतिपूर्ण ढंग से निपटा और 99.33 फीसदी वोटिंग हुई।
इसी के साथ भाजपा प्रत्याशी सुरेंद्र बहादुर सिंह, कांग्रेस प्रत्याशी दिनेश प्रताप सिंह और प्रत्याशी मुकेश सिंह का भाग्य मतपेटियों में बंद हो गया। अब 6 मार्च को मतगणना कराई जाएगी।
उप जिला निर्वाचन अधिकारी शीतला प्रसाद ने बताया कि 2,099 मतदाता थे। इसमें से 14 वोटरों ने मतदान में हिस्सा नहीं लिया। बाकी ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया।
सलोन प्रतिनिधि के मुताबिक ब्लॉक में कांग्रेस प्रत्याशी दिनेश प्रताप सिंह के बूथ के अंदर मोबाइल प्रयोग करने और कुर्सी पर बैठने पर भाजपा प्रत्याशी के एजेंट आजाद सिंह ने आपत्ति जताई।
इस पर सीओ सलोन अल्का धर्मराज ने प्रत्याशी दिनेश को बाहर कर दिया। इसको लेकर सीओ और प्रत्याशी में तीखी नोकझोंक हुई। इससे काफी देर तक अफरातफरी का माहौल रहा। हालांकि बाद में मामला शांत हो गया।