रायबरेली। जिले में अंत्योदय व पात्र गृहस्थी कार्डधारकों में राशन के साथ ही चना, तेल और नमक का वितरण आचार संहिता लागू होने के बाद फंस गया है। चना, दाल व नमक के पैकेटों पर पीएम और सीएम की फोटो लगी हुई है। इसी कारण खाद्य आयुक्त ने वितरण को लेकर अलग से पत्र जारी करने के आदेश दिए हैं। गेहूं और चावल का वितरण जारी किया गया है। काफी खाद्य सामग्री तो ब्लॉक के गोदामों में ही डंप की गई है।
राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन के तहत जिले के एक लाख से अधिक अंत्योदय व चार लाख से अधिक पात्र गृहस्थी कार्डधारकों में गेहूं व चावल के साथ ही तेल, नमक और चना भी एक-एक किलो दिया जा रहा है। पिछले महीने तक सामान्य तौर से इसका वितरण किया गया। इस महीने वितरण शुरू होने के साथ ही विधानसभा चुनाव के लिए अधिसूचना जारी हो गई। पैकेटों पर पीएम और सीएम की फोटो चस्पा होने के कारण वितरण प्रभावित हो गया है। इस संबंध में खाद्य आयुक्त ने भी फोटो लगे पैकेटों का वितरण न करने के निर्देश दिए हैं।
इस संबंध में वितरण के लिए अलग से पत्र जारी करने के निर्देश दिए गए हैं। जिले में कोटे की दुकानों पर राशन का वितरण तो किया जा रहा है, लेकिन कोटेदार पीएम व सीएम की फोटो लगे पैकेटों का वितरण करने से कतरा रहे हैं। आधे से अधिक नमक, तेल व चने के पैकेट ब्लॉक गोदामों में ही डंप हैं। सूत्रों का कहना है कि इन पैकेटों के उठान पर रोक लगाई गई है। आयुक्त का निर्देश मिलने के बाद ही आगे मामले में निर्णय लिया जाएगा।
डीएसओ विमल शुक्ला ने बताया कि जनवरी में गेहूं व चावल के साथ वितरित होने वाले चना, नमक व तेल के वितरण को रोका गया है। आयुक्त का निर्देश आने के बाद आगे का निर्णय लिया जाएगा। राशन का वितरण सामान्य तरीके से कराया जाएगा। कोटे की दुकानों पर राशन वितरण में आचार संहिता के उल्लंघन से बचने का प्रयास किया जा रहा है।
क्षेत्रीय अधिकारी अनिल कुमार का कहना है कि पीएम व सीएम के फोटो लगे नमक, चना , तेल के पैकेटों के वितरण के संबंध में एआरओ संघ से शासन स्तर पर ज्ञापन देकर मार्ग दर्शन मांगा गया है। मामले में निर्देश आने के बाद ही वितरण कराने की बात लिखी है। मालूम रहे कि कोटे की दुकानों पर दिसंबर 2021 से मार्च 2022 तक निशुल्क वितरित होने वाले दाल, नमक व तेल के आपूर्ति की जिम्मेदारी नेफेड एजेंसी को दी गई है। नामित एजेंसी ने जिले में जिन खाद्य सामग्री की आपूर्ति की है, उनमें से अधिकांश सामग्रियां ऐसे पैकेट में हैं, जिन पर पीएम व सीएम के फोटो लगे हैं। इन पैकेटों का वर्तमान समय में वितरण आचार संहिता का सीधा उल्लंघन होगा।