रायबरेली। जिले में शुक्रवार से गणेश उत्सव शुरू हो जाएगा। पंडाल और घर गणपति बप्पा मोरया...से गूंज उठेंगे। जगह-जगह पंडाल सजाकर भगवान गणेश की प्रतिमाओं की स्थापना के साथ ही पूजा-अर्चना शुरू होगी। हालांकि कोरोना को देखते हुए इस बार सोशल डिस्टेसिंग का पालन करने को कहा गया है।
इस बार अधिकतर लोग घरों पर ही प्रतिमाएं स्थापित रखकर पूजा-अर्चना करेंगे। जागरण और भजन कीर्तन भी होंगे। गणेश उत्सव को लेकर लोगों में उत्साह है।
शहर के छोटी बाजार में गणेश महोत्सव पर पंडाल को आकर्षक ढंग से सजाया गया। गणेश भगवान की प्राण प्रतिष्ठा और पूजा से गणेश उत्सव शुरू होगा। शहर के चंदापुर कोठी, सत्य नगर, नेहरू नगर, सुभाषचंद्र नगर, इंदिरा नगर, मलिकमऊ कॉलोनी, प्रभु टाउन, आनंद नगर व छोटा जोशियाना पुल में गणेश प्रतिमा स्थापित करने के लिए पंडाल सजाए गए हैं।
इन स्थानों पर प्रतिवर्ष गणेश उत्सव मनाया जाता है। सुबह और शाम पूजा-अर्चना और आरती होती है। महिलाओं की बढ़-चढ़कर भागीदारी होती है। घरों में भी भगवान गणेश की पूजा-अर्चना होगी। इसके अलावा ऊंचाहार, सलोन, बछरावां, राही, डलमऊ व गदागंज आदि कस्बों में भी गणेश उत्सव को लेकर पंडाल सजाए गए हैं।
मिट्टी से तैयार की गई गणेश प्रतिमाएं
गणेश उत्सव को लेकर यहां पर भी लोगों में उत्साह देखने को मिल रहा है। बाहर से आए कारीगरों ने काली और चिकनी मिट्टी से गणेश प्रतिमाएं तैयार की हैं। कारीगर बजरंग प्रजापति ने बताया कि 500 से लेकर पांच हजार तक गणेश प्रतिमाओं की कीमत रखी गई है। कोलकाता से आए कारीगर अशोक पाल ने बताया कि मिट्टी की गणेश प्रतिमाओं को आकर्षक रूप दिया गया है। एक दिन पहले से ही लोगों ने आकर गणेश की प्रतिमाओं की खरीदारी की।
कोरोना को देखते हुए गणेश चतुर्थी पर सतर्कता बरतने के लिए कहा गया है। आयोजकों से साफ कहा गया है कि भीड़भाड़ कतई न होने पाए। सोशल डिस्टेंसिंग का पालन किया जाए। गणेश चतुर्थी को लेकर सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। जहां-जहां पर पंडाल सजाए गए हैं, संबंधित थानेदारों को वहां की सुरक्षा पर नजर रखने के लिए कहा गया है।
- श्लोक कुमार, एसपी