पत्नी नापसंद थी। पिता ने जबरदस्ती शादी करा दी थी। कई बार आत्महत्या करने की सोची, लेकिन बाद में उसे ही अपने रास्ते हटाने की ठान ली। पहले उसे मारापीटा और फिर चारपाई पर लेटाकर आग लगाकर उसे जलाकर मार डाला।
विवाहिता की हत्या के मामले में गिरफ्तार किए गए आरोपी पति ने पुलिस की पूछताछ में कुछ इसी तरह अपना जुर्म कबूला। पूछताछ के बाद पुलिस ने उसे सलाखों के पीछे भेज दिया। पुलिस की मानें तो हत्या में मृतका के ससुर का हाथ नहीं था।
सलोन कोतवाली क्षेत्र के बाबा का पुरवा गांव की रहने वाली सुनीता देवी (27) की शादी करीब 12 साल पहले भदोखर थाना क्षेत्र के नई बस्ती मुंशीगंज निवासी रमेश कुमार के साथ हुई थी। 18 अप्रैल की रात सुनीता देवी की हत्या कर दी गई थी।
इस मामले में पति रमेश कुमार और ससुर मेवालाल के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। थानेदार एसएन यादव ने टीम के साथ आरोपी पति को गुरुवार को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया। थानेदार के मुताबिक आरोपी की पत्नी का छोटा कद था।
इसलिए वह उसे नापसंद करता था। पिता के दबाव में शादी कर ली थी। उससे पीछा छुड़ाना चाहते थे, लेकिन वह तलाक का विरोध करती थी। वह आत्महत्या करने की सोच रहा था। पर बाद में सोचा कि स्वयं मरने के साथ पत्नी की ही ना हत्या कर दें।
आरोपी ने वारदात वाले दिन पहले उसके मारापीटा और फिर चारपाई पर लेटाकर केरोसिन छिड़ककर उसे जिंदा जला दिया। उसे जेल भेज दिया गया है। नामजद ससुर का घटना में हाथ नहीं था।