कोतवाली क्षेत्र में एक युवक की संदिग्ध हालात में मौत हो गई। क्षेत्र में चर्चा है कि तांत्रिकों के बवाल के मामले में पुलिस की कार्रवाई के डर के चलते युवक ने जहरीला पदार्थ खाकर जान दे दी। हालांकि पुलिस का कहना है कि मृतक के खिलाफ रिपोर्ट भी नहीं लिखी थी। इस मामले की जांच कराई जाएगी।
सलोन कोतवाली क्षेत्र के पूरे जोधी मजरे मटका गांव निवासी रामखेलावन (48) गांव स्थित आश्रम का सदस्य था। इसी आश्रम के तांत्रिकों ने रविवार को बवाल किया था। सोमवार सुबह रामखेलावन गांव के बाहर खेत में बेहोशी अवस्था में मिला।
परिवारीजन मौके पर पहुंचे और उसे जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां उसकी मौत हो गई। जिला अस्पताल के इमरजेंसी कक्ष के डॉक्टरों के मुताबिक उसकी मौत कोई जहरीला पदार्थ खाने से हुई। वहीं चर्चा है कि तांत्रिकों के बवाल करने के बाद उसे पुलिस की कार्रवाई का डर सता रहा था।
इसी वजह से उसने जहरीला पदार्थ खाकर जान दे दी। हालांकि परिवारीजन इस बाबत कुछ नहीं बोल रहे हैं। सलोन कोतवाल एएस रघुवंशी का कहना है कि मृतक के खिलाफ कोई एफआईआर नहीं थी। मामले की जांच कराई जाएगी।
वहीं पूरे जोधी मजरे मटका गांव में हुए बवाल के मामले में सोमवार को चार हमलावर सलाखों के पीछे भेज दिए गए। गौरतलब है कि पूरे जोधी गांव में रविवार को तांत्रिकों ने खूब तांडव मचाया था। दो सगे भाइयों और तीन सिपाहियों की पिटाई की थी। एक सिपाही की दाहिने हाथ की दो अंगुली काट दी थी।
बाद में ग्रामीणों ने भी तांत्रिकों की पिटाई की थी। इस मामले की एफआईआर पुलिस ने दर्ज की थी। सलोन कोतवाल अमर सिंह रघुवंशी ने बताया कि राजेश मौर्य, राजू, राम अभिलाख, बनवारीलाल को जेल भेज दिया गया है।
जबकि सुरेश यादव, भूपेंद्र कुमार का जिला अस्पताल में इलाज चल रहा है। जल्द उन्हें भी जेल भेजा जाएगा। बवाल में नामजद अन्य हमलावरों को भी जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।