फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सिलेंडर चोरी हुए 505, एफआईआर महज 72

विज्ञापन
विज्ञापन
एक हजार से अधिक स्कूलों में लकड़ी के चूल्हे पर बन रहा मध्याह्न भोजन
विज्ञापन

रायबरेली। मध्याह्न भोजन योजना के तहत भले ही सभी स्कूलों में एलपीजी सिलेंडर उपलब्ध करा दिए गए हों, मगर वर्तमान में यहां के एक हजार से अधिक स्कूलों में रसोइयों को चूल्हे में लकड़ी जलाकर धुएं के बीच खाना बनाना पड़ रहा है।

अभी हाल में एमडीएम प्राधिकरण से जारी हुई सिलेंडर और चूल्हा चोरी होने की सूची में रायबरेली का नाम सुर्खियों में है, क्योंकि इस जिले में 505 गैस सिलेंडर और 42 चूल्हे चोरी होने की घटनाएं दिखाई गई हैं। हैरत तो इस बात पर है कि इनमें से महज 72 मामलों में एफआईआर हुई हैं।
विज्ञापन


सवाल यह उठता है कि बाकी सिलेंडर चोरी हुए या फिर गायब कर दिए गए हैं। इस सवाल को गंभीरता से लेते हुए एमडीएम प्राधिकरण ने भी सिलेंडर चोरी के मामले में एफआईआर कॉपी तलब की है। जिले में 2705 राजकीय और परिषदीय विद्यालय मध्याह्न भोजन योजना से आच्छादित हैं, जिनमें ढाई लाख से अधिक बच्चों को भोजन परोसा जाता है।

एमडीएम की रसोई में एलपीजी सिलेंडर और चूल्हा भी उपलब्ध कराया गया है, ताकि रसोइयों को लकड़ी जलाने पर धुएं से छुटकारा दिलाया जा सके। वर्तमान स्थिति को देखे तो महज 1692 विद्यालयों में ही एलपीजी सिलेंडर उपलब्ध हैं।

एक हजार से अधिक स्कूलों में अभी भी सिलेंडर नहीं हैं, जिससे रसोइयों को चूल्हे में लकड़ी जलाकर खाना पकाना पड़ रहा है और धुएं से जूझना पड़ रहा है। एमडीएम प्राधिकरण की सूची में रायबरेली जिले में भले ही 505 सिलेंडर चोरी के मामले हों, लेकिन विभागीय सूत्रों की माने तो अब तक महज 72 मामलों में ही एफआईआर हुई है।
विज्ञापन


बीईओ के माध्यम से मांगी गई जानकारी
खंड शिक्षा अधिकारियों के माध्यम से सूचना मांगी गई है कि किन स्कूलों में सिलेंडर नहीं है। अगर चोरी हो गए हैं तो उसकी एफआईआर कॉपी साक्ष्य के लिए उपलब्ध कराएं। फिलहाल जिले में एक हजार से अधिक स्कूलों में सिलेंडर खरीदे जाने की डिमांड शासन से की गई है। बजट मिला तो बाकी स्कूलों में भी सिलेंडर उपलब्ध करा दिए जाएंगे और रसोइयों को लकड़ी के चूल्हे से निकलने वाले धुएं से छुटकारा मिल जाएगा।
-पीएन सिंह, बीएसए
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें