हाथ में काली पट्टी बांध नारेबाजी के साथ प्रदर्शन किया। ओपीडी ठप होने से रोगियों को परेशानी का सामना करना पड़ा। ज्यादातर बैरंग लौट गए। दोपहर बाद एक बजे बाद ओपीडी शुरू की।
डॉक्टरों का कहना है कि यदि जल्द घटना का खुलासा नहीं किया तो आंदोलन किया जाएगा। अमेठी के सीएचसी अधीक्षक डॉ. पीके सिंह की 11 दिसंबर को गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
इस मामले में पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। लेकिन अभी तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई है।
घटना का विरोध सिंहपुर सीएचसी के डॉक्टरों और कर्मचारियों ने बुधवार को कामकाज ठप कर दिया। ओपीडी में ताला लगा दिया।
इससे सुबह आठ बजे से एक बजे तक ओपीडी पूरी तरह से ठप रही। इसका खामियाजा रोगियों को उठाना पड़ा। इलाज के लिए रोगी इधर-उधर भटकते रहे।
डॉक्टरों और कर्मचारियों ने सीएचसी के मुख्य गेट पर एकत्र होकर प्रदर्शन किया। कहा कि पुलिस आरोपियों पर कार्रवाई करने के बजाय बचाने में जुटी है।
यही कारण है कि अभी तक उनकी गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। सभी ने जिला प्रशासन से हत्या आरोपियों की गिरफ्तारी किए जाने की मांग की।
सभी ने हाथ में काली पट्टी बांधकर विरोध जताया। इस मौके पर डॉ. सुधीर वर्मा, मखसूद अख्तर, मनीष मौर्या, पुलक यादव, संजय कुमार आदि मौजूद रहे।