रायबरेली। बैंक अधिकारी जय प्रकाश पाल की हत्या में 32 बोर की पिस्टल का इस्तेमाल किया गया था। शुरुआती जांच में पुलिस को हत्याकांड में करीबियाें के ही शामिल होने का शक है।
संदिग्ध लोगों को हिरासत में लेकर पुलिस पूछताछ कर रही है। शक के आधार पर पुलिस ने मकान मालिक की लाइसेंसी पिस्टल को कब्जे में ले लिया है। मृत बैंक अधिकारी के पिता ने भी मकान मालिक पर हत्या करने का शक जताया था।
कानपुर जिले के चकेरी थाना क्षेत्र के भवानी नगर देहली सुजानपुर गांव निवासी बैंक ऑफ बड़ौदा (बीओबी) की डीह शाखा में तैनात सहायक प्रबंधक की मिल एरिया थाना क्षेत्र में मंगलवार रात हत्या कर दी गई थी।
बदमाशों ने बैंक अधिकारी पर छह गोलियां दागीं, लेकिन मकान मालिक समेत अन्य लोगों को इसकी भनक न लग सकी। यह बात भी पुलिस के गले नहीं उतर रही है।
पुलिस सूत्र बताते हैं कि जिस समय बैंक अधिकारी की हत्या की गई, उस समय घटनास्थल के पास ही मकान मालिक गाड़ी करके घर के अंदर गया था। इसके बाद भी उसे शव नहीं दिखा। गाड़ी की लाइट भी जल रही थी। यह सब बिंदु संदेह पैदा कर रहे हैं।
जांच में पता चला है कि बैंक अधिकारी की हत्या में पिस्टल का प्रयोग किया गया है। इसी को आधार मानते हुए पुुलिस ने मकान मालिक की लाइसेंसी पिस्टल कब्जे में ले ली है।
पुलिस दावा कर रही है कि मकान मालिक की पिस्टल का हत्या में इस्तेमाल नहीं हुआ। मृत बैंक अधिकारी के पिता रामकिशोर पाल पहले ही मकान मालिक पर ही हत्या करने का शक जता चुके हैं और कार्रवाई की मांग कर चुके हैं।
पुलिस पिता की ओर से लगाए गए आरोपों की जांच कर रही है। अभी तक पुलिस के हाथ कोई अहम सुराग नहीं लगे हैं। फिर भी हत्या में करीबियों के शामिल होने की बात सामने आ रही है।
मकान मालिक और सपा नेता का कनेक्शन खोज रही पुलिस
बैंक अधिकारी की हत्या के बाद पुलिस मकान मालिक और एक सपा नेता के कनेक्शन की जांच कर रही है। पुुलिस सूत्र बताते हैं कि मकान मालिक एक सपा नेता का बेहद खास है। जिस समय बैंक अधिकारी की हत्या की गई, उस समय मकान मालिक की फर्नीचर की दुकान पर सपा नेता मौजूद था।
हाल में ही मकान मालिक ने ही सपा नेता को एक लग्जरी चार पहिया वाहन भी गिफ्ट किया है। सवाल उठता है कि सपा नेता से आखिर मकान मालिक का क्या कनेक्शन है कि उसने महंगी लग्जरी कार उसे दे दी। सपा नेता का दुकान और उसके घर पर अक्सर आना-जाना रहता था। सपा नेता हत्या के एक मामले में अभी हाल में ही जेल से छूटकर बाहर आया है।
कहीं भांजी को कानपुर में शिफ्ट करना तो नहीं पड़ा महंगा
बैंक अधिकारी की हत्या की गुत्थी सुलझाने के लिए पुलिस कई बिंदुओं पर पड़ताल कर रही है। जांच में यह बात भी सामने आई है कि मृतक की भांजी लखनऊ में रहकर पढ़ाई करती थी। वहां पर कुछ लोग भांजी को परेशान कर रहे थे। बैंक अधिकारी ने इसका विरोध किया था। साथ ही भांजी को कानपुर में शिफ्ट करा दिया था।
कॉल डिटेल खंगाल रही पुलिस
पुलिस ने मृतक बैंक अधिकारी का मोबाइल कब्जे में ले लिया है। पुलिस मोबाइल की कॉल डिटेल निकलवाकर यह जानने का प्रयास कर रही है कि हत्या के पहले मृतक के मोबाइल फोन पर किन-किन लोगों ने फोन किया था।
बैंक अधिकारी जय प्रकाश पाल की हत्या में पिस्टल का प्रयोग किया गया है या नहीं, इसकी जांच चल रही है। मकान मालिक की लाइसेंसी पिस्टल को जमा कराया गया है। सपा नेता और मकान मालिक के बीच के कनेक्शन की भी पड़ताल कराई जा रही है। जल्द खुलासा करके आरोपियों को जेल भेजा जाएगा।
श्लोक कुमार, एसपी