भविष्य में गंभीर मरीजों को प्रयागराज- लखनऊ रेफर नहीं किया जाएगा, मेडिकल कॉलेज में ही ऐसे मरीजों का इलाज किया जाएगा। इसके लिए क्रिटिकल केयर यूनिट स्थापित की जाएगी। गंभीर मरीजों को इससे सहूलियत होगी। इस मद में शासन ने बीस करोड़ रुपये का बजट जारी कर दिया है। नक्शा भी तैयार करा लिया गया है। उम्मीद है कि नए साल से भवन का निर्माण शुरू हो जाएगा।
डॉ. सोने लाल पटेल मेडिकल कॉलेज में गंभीर रोगियों के इलाज के लिए किसी प्रकार की व्यवस्था नहीं है। गंभीर मरीजों को देखते ही चिकित्सक प्रयागराज या फिर लखनऊ रेफर कर देते हैं। इससे लोग परेशान होते हैं। इस समस्या को देखते हुए शासन ने पुराने महिला अस्पताल में क्रिटिकल केयर यूनिट स्थापित कराने के लिए मंजूरी दी है।
शासन ने यूनिट निर्माण के लिए बीस करोड़ का बजट जारी कर दिया है। भवन निर्माण के लिए नक्शा भी तैयार करा लिया गया है। मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य ने बताया कि दिसंबर 2024 मेें क्रिटिकल केयर यूनिट तैयार हो जाएगी। वर्ष 2025 में इसका संचालन शुरू हो जाएगा। यहां सभी तरह के गंभीर मरीजों को भर्ती कर उपचार किया जाएगा। इसके लिए चिकित्सक और कर्मचारियों की तैनाती भी होगी।
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स्थापना के बाद मिलेगा गंभीर रोगियों को लाभ
प्राचार्य ने बताया कि क्रिटिकल केयर यूनिट में गंभीर बीमारी या चोटों वाले मरीजों की अच्छे से देखभाल करने के लिए तैयार किया जा रहा है। यहां मरीजों की हर स्तर पर मॉनिटरिंग की जाएगी। यहां पर मल्टी डिसीप्लिनरी एक्सपर्ट टीम 24 घंटे मौजूद रहेगी। हार्ट , ब्लड प्रेशर, ऑक्सीजन लेवल और सांस की लगातार निगरानी की जाएगी।
क्रिटिकल केयर यूनिट तैयार करने के लिए शासन ने 20 करोड़ का बजट जारी कर नक्शा भी तैयार करा लिया है। महिला अस्पताल के पुराने भवन में यूनिट स्थापित की जाएगी।
- डॉ. सलिल श्रीवास्तव, प्राचार्य