पुलिस लाइन में आयोजित दीक्षांत समारोह में शपथ लेते प्रशिक्षण के बाद सिपाही बने प्रशिक्षु। पुल
पुलिस की वर्दी केवल एक पोशाक नहीं, बल्कि समाज के भरोसे और सुरक्षा का प्रतीक है। यह बातें रविवार को पुलिस लाइन मैदान में आयोजित दीक्षांत परेड समारोह के दौरान एडीजी प्रयागराज ज्योति नारायन ने कहीं।
इसके पूर्व एडीजी ने परेड की सलामी ली। आरक्षियों के सफलतापूर्वक प्रशिक्षण पूरा होने पर हर्ष व्यक्त करते हुए कहा कि निष्पक्ष चयन और आधुनिक प्रशिक्षण से सुसज्जित यह नया बैच उत्तर प्रदेश में स्मार्ट पुलिसिंग के युग को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगा।
एडीजी ने आरक्षियों को राष्ट्र सेवा, कर्तव्य निष्ठा और संविधान के प्रति सत्यनिष्ठा की शपथ दिलाई। प्रशिक्षण अवधि में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले आरक्षियों को मुख्य अतिथि एडीजी ने पुरस्कृत किया।
एसपी दीपक भूकर ने कहा कि अनुशासन ही हमारी शक्ति है। जनता के प्रति संवेदनशीलता और अपराधियों के प्रति कठोरता ही एक आदर्श पुलिसकर्मी की असली पहचान है। एसपी ने नए रिक्रूट 544 आरक्षियों को बधाई दी। डीएम शिव सहाय अवस्थी ने भी आरक्षियों का उत्साहवर्धन किया। इस मौके पर एएसपी पूर्वी आलोक कुमार, सीओ सिटी प्रशांत राज, सीओ लाइन शिवनारायण वैस, प्रशिक्षु आईपीएस अफताब आलम, प्रतिसार निरीक्षक राजीव राय मौजूद रहे।
परेड के दौरान मौजूद रहे परिजन
परेड के दाैरान प्रशिक्षु आरक्षियों के परिजन भी मौजूद रहे। अपनों को देख परिजनों ने तालियां बजाईं। प्रशिक्षु आरक्षियों ने परेड के बाद अपनों संग फोटो व सेल्फी ली।
पुलिस लाइन में आयोजित दीक्षांत समारोह में शपथ लेते प्रशिक्षण के बाद सिपाही बने प्रशिक्षु। पुल