फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Honey Trap : वीडियो कॉलिंग के जरिए जाल में फंसाकर ब्लैकमेल कर रहीं युवतियां 

Mon, 23 May 2022 05:04 AM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रतापगढ़

सार

हाल के दिनों में ऐसे कई मामले सामने आए हैं। वीडियो कॉलिंग के जरिए अपने जाल में फंसाकर विष कन्याओं ने जिले के कई लोगों को ब्लैकमेल कर लंबी वसूली कर ली। वीडियो कॉलिंग के जरिए वे लोगों को जाल में फंसाकर वे अश्लील रिकार्डिंग तैयार करती हैं। इसके बाद ब्लैकमेल करना शुरू करती हैं। 
विज्ञापन
honey trap - फोटो : social media
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मोबाइल पर अनजान नंबर से आने वाली लड़कियों की वीडियो कॉल से सावधान रहें। तीखे नैन नक्श और बेहद स्मार्ट दिखने वाली यह युवतियां लोगों को अपने जाल में फंसा रहीं हैं। मोबाइल पर वीडियो कॉलिंग के जरिए दोस्ती का ऑफर देने के बाद वह आपको अपने जाल में फंसा सकती हैं।

विज्ञापन



हाल के दिनों में ऐसे कई मामले सामने आए हैं। वीडियो कॉलिंग के जरिए अपने जाल में फंसाकर विष कन्याओं ने जिले के कई लोगों को ब्लैकमेल कर लंबी वसूली कर ली। वीडियो कॉलिंग के जरिए वे लोगों को जाल में फंसाकर वे अश्लील रिकार्डिंग तैयार करती हैं। इसके बाद ब्लैकमेल करना शुरू करती हैं। 

सोशल मीडिया लड़कियों से दोस्ती पड़ सकती है भारी

सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर कई एप के जरिए भी लोगों को ठगा जा रहा है। लड़कियों से दोस्ती और बातें करने के नाम पर तैयार किए गए एप डाउनलोड करना आपको भारी पड़ सकता है। इन एप के जरिए शुरू में लड़कियों से बातें होती हैं। फिर दोस्ती के नाम पर वे धीरे-धीरे जाल में फंसाना शुरू करती है। इसके बाद ब्लैकमेलिंग और धमकाने का खेल शुरू हो जाता है।


शहर के एक युवक की एप के जरिए युवती से दोस्ती हुई। उसे पूरी तरह जाल में फंसाने के बाद उसने स्कूटी खरीदने तक के लिए रुपये खाते में मंगवा लिए। इसके बाद भी वह रुपयों के लिए धमकाती रही। परेशान होकर वह एसपी के पास पहुंचा। 
विज्ञापन

इस तरह भी जाल में फंस रहे युवा 
स्मार्ट फोन ड्राइव करने वाले युवाओं की सोशल मीडिया पर सक्रियता का पता लगाने के लिए समय-समय पर उनका स्टेटस चेक किया जा रहा है। फेसबुक आईडी से मोबाइल नंबर लेने के बाद विष कन्याएं उनसे बातचीत शुरू करती हैं। गहरी दोस्ती करने के बाद वीडियो कालिंग पर बातचीत शुरू होती है। आमतौर पर व्हाट्सएप व वीडियो कॉलिंग की रिकार्डिंग नहीं होती है लेकिन, शातिर लैपटॉप की मदद से बातचीत के दौरान वीडियो रिकॉर्ड करते हैं। बाद में युवाओं को ब्लैकमेल किया जाता है। रुपये की डिमांड पूरी नहीं होने पर पर दुराचार, छेड़खानी के आरोप लगाकर मुकदमा दर्ज कराने की धमकी दी जाती है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें