जिले में नौ अप्रैल को होने वाले एमएलसी चुनाव के लिए बृहस्पतिवार की शाम पांच बजे से चुनाव प्रचार बंद हो गया। इस बार मतदान कराने के लिए सुरक्षा व्यवस्था अर्द्धसैनिक बलों के हवाले रहेगी। यह पहला मौका है जब विधान परिषद सदस्य के चुनाव में अर्द्धसैनिक बल के जवान तैनात किए जाएंगे। स्थानीय पुलिस सिर्फ जवानों का सहयोग करेगी। मतदान केंद्रों पर थानाध्यक्ष के साथ दरोगा, सिपाही मुस्तैद रहेंगे।
विधान परिषद के चुनाव में जनसत्ता दल से अक्षय प्रताप सिंह गोपालजी, भाजपा से हरिप्रताप सिंह, सपा से विजय बहादुर यादव, निर्दल प्रत्याशी डॉ. केएन ओझा, मधुरिमा सिंह और राजेंद्र प्रसाद मैदान में हैं। नौ अप्रैल को जिले के 17 ब्लॉकों व जिला पंचायत परिसर में बने मतदान केंद्र पर मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। 24 घंटे पहले विधान परिषद प्रत्याशियों का प्रचार प्रसार थम गया। अब प्रत्याशी केवल डोर टू डोर मतदाताओं से मिल सकेंगे।
एमएलसी चुनाव में सांसद, विधायक, जिला पंचायत सदस्य, ग्राम प्रधान, क्षेत्र पंचायत सदस्य, नगर पालिकाध्यक्ष, सभासद और नगर पंचायत अध्यक्ष मतदान करेंगे। कुल 2815 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। एमएलसी चुनाव में पहली बार अर्द्धसैनिक बल की ड्यूटी लगाई गई है। मतदान से लेकर मतगणना तक इन्हें ही सुरक्षा व्यवस्था संभालनी होगी। इसके लिए एक कंपनी आईटीबीपी और एक प्लाटून सीआरपीएफ कंपनी मिल गई है।
पुलिस अधीक्षक सतपाल अंतिल ने बताया कि मतदान केंद्रों पर इस बार अर्द्धसैनिक बल के जवान तैनात किए जाएंगे। इन जवानों के सहयोग में थाना प्रभारी, एक दरोगा, छह सिपाही, दो महिला सिपाही और दो होमगार्ड लगाए जाएंगे। नौ अप्रैल को सुबह आठ बजे से शाम चार बजे तक मतदान होगा। मतदान संपन्न होने के बाद मतपेटिका को सीआरपीएफ जवानों की देखरेख में अफीम कोठी परिसर में बने स्ट्रांग रूम में रखवाया जाएगा।
12 अप्रैल को मतगणना होने तक सीआरपीएफ ही स्ट्रांग रूम की रखवाली करेगी। उन्होंने बताया कि एमएलसी चुनाव को लेकर सुरक्षा व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। सीओ व थानेदारों को हिदायत दी गई है कि विधान परिषद सदस्य चुनाव को लेकर शांति व्यवस्था बनाए रखें। कोई माहौल खराब करने की कोशिश करे तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई करें।
प्रलोभन देने पर होगी एफआईआर
एमएलसी चुनाव में मतदाताओं को प्रलोभन या अन्य किसी भी प्रकार से मतदान के लिए प्रभावित करने की कोशिश करते पाए जाने पर मुकदमा दर्ज कराया जाएगा। जिला प्रशासन ने सभी ब्लॉक मुख्यालयों को मतदेय स्थल बनाया है। नौ अप्रैल को मतदान होगा।
अफीम कोठी में छह टेबल पर होगी मतगणना
विधान परिषद सदस्य के चुनाव की मतगणना 12 अप्रैल को अफीम कोठी परिसर में बने छह टेबल पर होगी। इसके लिए अभी से तैयारियां शुरू हो गई हैं। परिसर में ही स्ट्रांगरूम बनाया गया है। यहीं से चुनाव कराने के लिए सभी सत्रह ब्लॉकों व जिला पंचायत में बने मतदान केंद्रों पर मतदान कार्मिक रवाना होंगे। अफीम कोठी में बने स्ट्रांगरूम से मतपेटिका निकालकर सुरक्षा के बीच मतगणना स्थल पर बने काउंटरों पर पहुंचाई जाएगी।