फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Pilibhit News: शारदा नदी ने फिर बदला रुख, किनारे रहने वाले लोगों की फिर बढ़ीं धड़कनें

विज्ञापन
विज्ञापन
पूरनपुर। शारदा नदी की बाढ़ और कटान से क्षेत्र को बचाने के लिए 9.98 करोड़ रुपये की लागत से नदी का चेनेलाइजेशन कराया गया और करीब इतनी ही लागत से तटबंध भी बनाया गया। अब नदी ने चेनेलाइजेशन से दो किलोमीटर पहले अपना रुख बदल लिया है। इससे बरसात में नदी के फिर तबाही मचाने की आशंका से लोग चिंतित हैं।
विज्ञापन

गांव चंदिया हजारा और आसपास के क्षेत्र को शारदा नदी की तबाही से बचाने को चार साल पहले नदी के चेनेलाइजेशन की स्वीकृति मिली थी। मगर उस समय वन विभाग की आपत्ति पर चेनेलाइजेशन को आई मशीनें वापस हो गईं थी।
बाद में चेनेलाइजेशन के लिए 9.98 करोड़ और गांव चंदिया हजारा के समीप तटबंध के लिए 10 करोड़ का बजट स्वीकृत हुआ। मार्च में चेनेलाइजेशन और तटबंध बनाने का काम शुरू हुआ। इससे लोगों ने शारदा नदी की तबाही से राहत मिलने की उम्मीद की।
विज्ञापन

मगर जुलाई में आई बाढ़ में तटबंध कई स्थानों पर क्षतिग्रस्त हो गया। इसमें 61 किसानों की जमीनें, 350 किसानों की फसलें नदी में समा गईं। 200 लागों के छप्पर ढह गए। नदी ने अब एक बार फिर अपना रुख बदल लिया है।
चंदिया हजारा के प्रधान वासुदेव कुंडू ने बताया कि नदी में चेनेलाइजेशन गांव के हराधन के खेत से शंकर राय के खेत तक 15 हजार मीटर में किया गया। मगर नदी ने करीब दो किलोमीटर पहले अपना रुख फिर बदल लिया है। नदी पश्चिम की ओर आ गई, जो धनाराघाट के समीप से होती हुई तटबंध के पूरब से होकर गांव राहुलनगर के समीप पहुंची है।
विज्ञापन

अगर बाढ़ बचाव परियोजना स्वीकृत नहीं हुई तो अबकी बार नदी शंकर राय के खेत के समीप से राहुलनगर, चंदिया हजारा में तबाही मचाएगी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें