हाथियों को भाषा सिखाने आएंगे पांच महावत
पीटीआर में हाथियों के साथ वहां के पांच महावत आएंगे। यहां एक माह तक रुककर वहां के पांचों महावत यहां के जंगल से हाथियों को रूबरू कराने के साथ ही स्थानीय महावतों की पहचान कराएंगे। यहां की भाषा का भी हाथियों को ज्ञान देंगे। इसके बाद वहां के महावत लौट जाएंगे। दो हाथियों को माला रेंज और तीन हाथियों को बराही रेंज में रखा जाएगा। सभी के लिए तबेला बनाकर तैयार करा दिए गए हैं। इनकी देखरेख के लिए 10 कर्मचारी और पांच महावत पीटीआर प्रशासन की ओर से रखे जाएंगे।
पहले भी पीटीआर प्रशासन खरीद चुका है एक हाथी
पीटीआर प्रशासन की ओर से 2013 में तारा नाम का एक हाथी साढ़े पांच लाख का खरीदा गया था। इसके बाद वह बीमार हो गया। लंबे समय तक उसका इलाज चला, मगर उस हाथी की मौत हो गई थी। तब से पीटीआर प्रशासन के पास कोई हाथी नहीं है।
हाथियों के परीक्षण को लेकर टीम शनिवार को रवाना होगी। हाथियों का परीक्षण करने के बाद टीम लौट आएगी। इसके बाद कार्रवाई पूरी होने के बाद एक से दो माह में हाथी आ जाएंगे।
- नवीन खंडेलवाल, डीडी, पीटीआर