पूरनपुर। प्रसव के दौरान नवजात की मौत पर अगस्त में सील किया गया नर्सिंग होम कोर्ट के आदेश पर तहसीलदार की मौजूदगी में शुक्रवार देर शाम खोल दिया गया। संचालक अब परिसर में नर्सिंग होम का संचालन नहीं कर सकेगा।
नगर की पंकज कॉलोनी निवासी आलोक वर्मा की पत्नी पुष्पा वर्मा को प्रसव पीड़ा के चलते 18 अगस्त को सीएचसी लाया गया था। सीएचसी से आशा कार्यकर्ता ने पुष्पा को कोतवाली मार्ग स्थित श्रद्धा नर्सिंग होम में भर्ती करा दिया था। नर्सिंग होम में प्रसव के दौरान उसके नवजात की मौत हो गई थी। हंगामे पर पुलिस ने नवजात के शव का पोस्टमॉर्टम कराया।
आलोक वर्मा की ओर से नर्सिंग होम संचालक सौरभ सिंह, आशा कार्यकर्ता बिंदु वर्मा और नर्सिंग होम स्टाफ के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। तत्कालीन तहसीलदार वीरेंद्र कुमार की मौजूदगी में नर्सिंग होम सील कर दिया गया था। शुक्रवार देर शाम तहसीलदार हबीबउर रहमान की मौजूदगी में सील नर्सिंग होम खोल दिया गया। प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. मनीष राज ने बताया कि कोर्ट के आदेश पर तहसीलदार की मौजूदगी मेंं नर्सिंग होम खुलवा दिया गया है। मगर, संचालक अब नर्सिंग होम का संचालन उस परिसर में नहीं कर सकेगा।