पीलीभीत। किसानों को उर्वरक की बिक्री में पारदर्शिता लाने के लिए अब निजी उर्वरक विक्रेताओं पर शिकंजा कसा जाएगा। कृषि निदेशालय ने एक सितंबर से जिले के सभी निजी फुटकर उर्वरक बिक्री केंद्रों पर बिक्री रजिस्टर रखना अनिवार्य कर दिया है। रजिस्टर में खाद खरीदने वाले प्रत्येक किसान का पूरा विवरण दर्ज करना होगा। इसमें लापरवाही मिलने पर संबंधित विक्रेता के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
कृषि निदेशालय के उर्वरक अनुभाग की ओर से 30 जुलाई को आदेश जारी किया है। इसमें बताया कि निजी उर्वरक विक्रेताओं को निर्धारित प्रारूप में रजिस्टर रखना होगा। इसमें किसान का नाम, पिता या पति का नाम, फार्मर आईडी, मोबाइल नंबर, आधार संख्या, ग्राम, खरीदे गए उर्वरक का नाम, मात्रा और जमा की गई धनराशि समेत किसान के हस्ताक्षर दर्ज किए जाएंगे। जिला कृषि अधिकारी विनीत कुमार ने बताया कि जिले के सभी उर्वरक संचालकों को भी इसका आदेश जारी कर दिया गया है। लापरवाही मिलने पर संबंधित उर्वरक संचालन के खिलाफ विभागीय स्तर से कार्रवाई की जाएगी। संवाद