फायरिंग कर भागते समय पुलिस ने दबोचा
खीरी सीमा पर गांव कुठिया-गुदिया के पास हुई मुठभेड़
नेपाल से पशुओं को लेकर आ रहे पशु तस्करों और हजारा पुलिस के बीच मुठभेड़ हो गई। इस दौरान तस्करों ने पुलिस पर दो फायर किए, जिसमें से एक फायर मिस हो गया। बताते हैं कि इस दौरान पुलिस ने भी हवा में दो गोलियां दागीं। बाद में घेराबंदी कर भाग रहे एक पशु तस्कर को दबोच लिया गया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से नाल में फंसी कारतूस समेत एक देशी बंदूक, पांच कारतूस बरामद किए हैं। मौके से बरामद सात पशुओं को पुलिस ने गौशाला भेजा है।
नेपाल से पशुओं की तस्करी बड़े पैमाने पर होती है। पशु तस्कर हजारा और खीरी क्षेत्र के जंगलों के रास्ते पशुओं को रामपुर, बरेली सहित कई जनपदों को ले जाते हैं। बुधवार की आधी रात में मुखबिर ने पुलिस को सूचना दी कि कुछ लोग नेपाल से पशु लेकर खीरी जिले की ओर जा रहे हैं। एसओ इंद्रकुमार ने बताया कि सूचना पर उन्होंने पुलिस फोर्स के साथ गांव कुठिया-गुदिया के पास घेराबंदी की। सुबह करीब चार बजे पशुओं को लेकर आ रहे तस्करों को पुलिस ने जब टोका तो तस्करों ने एक फायर कर दिया। तस्कर दूसरा फायर करते, इससे पहले पुलिस ने हल्का बल प्रयोग किया। बताते हैं कि इस दौरान पुलिस ने भी दो फायर किए, जिस पर तस्कर भागने लगे। पुलिस ने घेराबंदी कर थाना क्षेत्र के गांव नहरोसा निवासी पशु तस्कर लुकमान को गिरफ्तार कर लिया, जबकि उसके तीन साथी भाग निकले। फरार तीनों आरोपी नहरौसा गांव के रहने वाले हैं। एसओ ने बताया कि पुलिस ने लुकमान के पास से नाल में फंसी मिस कारतूस समेत एक 12 बोर की देशी बंदूक और पांच कारतूस जीवित बरामद किए हैं। गिरफ्तार आरोपी के खिलाफ जानलेवा हमले सहित कई धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर पुलिस ने आरोपी का चालान कर कोर्ट में पेश किया, जहां से अदालत ने उसे जेल भेज दिया।
वन्य अधिनियम समेत दर्ज हैं कई मुकदमे
पुलिस पार्टी पर फायर करने के आरोपी गांव नहरोसा निवासी लुकमान और साथियों पर वन्य अधिनियम समेत कई मुकदमे दर्ज हैं। एसओ ने बताया कि सभी आरोपियों पर गैंगेस्टर की कार्रवाई की जाएगी।
फरार आरोपियों की गिरफ्तारी को छापे
पुलिस ने मौके से फरार हुए तीनों आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास शुरू कर दिए हैं। एसओ ने बताया कि आरोपियों की तलाश में कई संभावित स्थानों पर दबिशें दी जा रही हैं, लेकिन आरोपी अभी पुलिस के हाथ नहीं चढ़े हैं।
विशेष निगरानी, फिर भी हो रही बार्डर से तस्करी
हजारा। नेपाल बार्डर पर तस्करी और देश विरोधी गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए सीमा पर एसएसबी समेत कई सुरक्षा एजेंसियां तैनात हैं, लेकिन अपराधी सुरक्षा एजेंसियों की निगरानी को धता बताकर अपने मकसद में कामयाब हो रहे हैं। जिससे सीमा की निगरानी में लगी सुरक्षा एजेंसियों की सतर्कता सवालों के घेरे में आ गई है।