उत्तर प्रदेश में पेट्रोल व डीजल लेने पर लोगों को थोड़ी और जेब ढीली करनी पड़ेगी।
परिवहन व्यवस्था में सुधार के नाम पर राज्य सरकार इन पर 0.25 फीसदी वैट बढ़ाने जा रही है। बढ़ोतरी के बाद सूबे में पेट्रोल पर वैट 26.80 फीसदी तो डीजल पर 17.48 फीसदी हो जाएगा।
अतिरिक्त वैट लगने के बाद पेट्रोल प्रति लीटर 77.21 से बढ़कर 77.36 रुपये और डीजल 55.24 से बढ़कर 55.35 रुपये हो जाएगा। आयुक्त वाणिज्य कर विभाग ने इसके लिए शासन को प्रस्ताव भेजा है। जल्द ही कैबिनेट से इसकी मंजूरी लेने की तैयारी है।
उत्तर प्रदेश में देश के अन्य राज्यों की अपेक्षा वैट अधिक लिया जा रहा है। विधानसभा चुनाव से पहले सपा ने अपने घोषणा पत्र में वादा किया था कि सत्ता में आने के बाद वैट की दरें अन्य राज्यों के समान की जाएंगी। पर इसे कम करने की कौन कहे और बढ़ाने की तैयारी है।
आयुक्त वाणिज्य कर विभाग से भेजे गए प्रस्ताव में कहा गया है कि पेट्रोल और डीजल के प्रति लीटर पर 0.25 प्रतिशत अतिरिक्त वैट लिया जाएगा। यह अतिरिक्त कर स्टेट डेडिकेटेड अरबन ट्रांसपोर्ट फंड में रखा जाएगा।
इसमें यह भी कहा गया है कि अतिरिक्त कर लेने का मुख्य मकसद शहरी परिवहन व्यवस्था में सुधार करना है। आयुक्त वाणिज्य कर के इस प्रस्ताव पर प्रमुख सचिव वाणिज्य कर नगर विकास और आवास विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक भी कर चुके हैं। इसमें सभी विभागों की सहमति बन गई है।