शहर कोतवाली से चंद कदम की दूरी पर स्थित मकान में लूटपाट का विरोध करने पर एक महिला सुनीता (56) की हत्या कर दी गई। घटना से क्षेत्र में सनसनी फैल गई। घटना रविवार दोपहर करीब दो बजे शहर कोतवाली क्षेत्र के पास भाजपा कार्यालय के ठीक पीछे स्थित पुरानी बिल्डिंग में हुई। यहां चायपत्ती विक्रेता ललित कांबोज अपनी पत्नी सुनीता और अपने बेटे विकास उर्फ विशु के साथ रहते हैं। घटना के वक्त सुनीता घर पर अकेली थीं और बेटा दवा लेने गया था। इसी दौरान एक युवक जीने के रास्ते घर में घुसा और लूटपाट की कोशिश की।
विरोध करने पर उसने किचन से बर्फ तोड़ने का सुआ उठाकर महिला की कनपटी में घोंप दिया, सुनीता लहूलुहान होकर बेड पर ही गिर पड़ीं। इसी दौरान विशु भी घर लौट आया। उसने युवक को पकड़ने की कोशिश की, लेकिन आरोपी ने उसे धक्का देकर कमरे में बंद कर दिया। शोर सुनकर पास में रहने वाली सुनीता की भतीजी दीप्ति भी पहुंची तो आरोपी उसे भी धक्का देकर रुड़की रोड की तरफ फरार हो गया। घायल महिला को जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई।
सुनीता हत्याकांड : इत्तेफाक या साजिश, गहरे हैं कत्ल के राज
शहर के रुड़की रोड पर पुराने भाजपा कार्यालय के ठीक पीछे जिस मकान की ऊपरी मंजिल पर सुनीता पत्नी ललित कांबोज की दिनदहाड़े हत्या की गई, वहां से शहर कोतवाली का ऑफिस चंद कदमों की दूरी पर है, जिसके बीच मेें केवल एक दीवार व करीब पांच फीट की गली ही है। दीवार फांदकर आसानी से घटनास्थल तक पहुंचा जा सकता है। इसके बावजूद दिनदहाड़े घर में घुसकर दुस्साहसिक तरीके से महिला की सुआ घोंपकर हत्या कर देना पुलिस के गले नहीं उतर रहा है।
दोपहर करीब दो बजे वारदात को अंजाम दिया गया। शोर सुनकर थाना कार्यालय में मौजूद सिपाही जितेंद्र कुमार व महिला आरक्षी निधि सबसे पहले दीवार फांदकर घटनास्थल पर पहुंचे और घर में मौजूद महिला के बेटे विकास उर्फ विशू को लहूलुहान वृद्धा को जिला अस्पताल ले जाने के लिए भेजा। सूचना पर चंद मिनटों में ही इंस्पेक्टर अनिल कपरवान भी मौके पर जा पहुंचे, जहां कमरे के फर्श पर खून बिखरा हुआ था। बेड पर ही हत्या में प्रयुक्त बर्फ तोड़ने वाला सुआ व रुपयों से भरा पर्स पड़ा था।
घटनास्थल की स्थिति देखकर साफ था कि हत्यारा जो भी था, उसे न केवल घर की भौगोलिक स्थिति की पूरी जानकारी थी, बल्कि हत्या करने के लिए सुआ रसोई में किस जगह रखा है, उसकी भी जानकारी थी। ऐसे में बड़ा सवाल यही है कि यदि हत्यारा लूटपाट करने आया था तो उसने सीधे महिला पर हमला क्यों किया।
हमले के बाद उसने न तो बेड़ पर पड़े रुपयों से भरे पर्स को छेड़ा और न ही अन्य सामान छुआ। यही नहीं, घटना के बाद हत्यारे ने वहां पहुंचे महिला के बेटे पर भी हमला नहीं किया, बल्कि उसे धक्का देकर कमरे में बंद कर दिया और भाग निकला। महज चंद मिनटों में हुई सनसनीखेज वारदात में पुलिस ने महिला के एक करीबी समेत दो लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है।
बिल्डिंग में घूमकर नीचे रुक गया डॉग स्क्वॉड
मुजफ्फरनगर। शहर कोतवाली के बगल में दिनदहाड़े हुई हत्या के बाद डॉग स्क्वॉड और फोरेंसिक टीम ने साक्ष्य संकलित किए। इस दौरान डॉग स्क्वॉड को घटनास्थल पर छोड़ा गया, लेकिन वह बिल्डिंग में घूमने के बाद जीने से नीचे उतरकर गली में आकर रुक गया।
सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली
मुजफ्फरनगर। हत्या की सनसनीखेज वारदात के बाद पुलिस ने रुड़की रोड स्थित प्रतिष्ठानों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालते हुए हत्यारोपी की तलाश की। हालांकि घटना के समय परशुराम जयंती की शोभायात्रा निकलने के चलते पुलिस को फुटेज में किसी तरह के सुराग मिलने की संभावना कम ही है।
इन्होंने कहा ...........
शहर कोतवाली प्रभारी इंस्पेक्टर अनिल कपरवान का कहना है कि महिला की हत्या में आरोपी की धरपकड़ के लिए टीम गठित की गई है। विभिन्न बिंदुओं पर जांच की जा रही है। पूछताछ के लिए कुछ लोगों को भी हिरासत में लिया गया है। कुछ सुराग मिले हैं, जिनके आधार पर बहुत जल्द वारदात का खुलासा कर दिया जाएगा।