सीएम धामी ने गुरुवार को रामपुर तिराहा शहीद स्मारक स्थल पहुंचकर भूमि दानदाता महावीर शर्मा की प्रतिमा का अनावरण किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि एक और दो अक्टूबर 1994 की रात उत्तराखंड आंदोलनकारियों के साथ रामपुर तिराहा पर तत्कालीन सपा सरकार के इशारे पर पुलिस ने बर्बरता की थी। पुलिस की गोली से सात आंदोलनकारी शहीद हुए। जबकि कई महिला आंदोलनकारियो के साथ छेड़छाड़ और ज्यादती की गई।
उन्होंने कहा कि पूर्व केंद्रीय राज्य मंत्री डॉ संजीव बालियान ने आंदोलनकारी के साथ बर्बरता करने बालों के विरुद्ध न्याय की कार्रवाई कराई। उनकी सजगता से अदालती फसलों के माध्यम से दोषियों को सजा दिलाई गई।
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी
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मुख्यमंत्री ने कहा कि शाहिद आंदोलनकारियों के सपने का उत्तराखंड बनाने के लिए कई सुधारात्मक कदम उठाए गए हैं। उत्तराखंड में मदरसा बोर्ड समाप्त कर दिया गया है। बताया कि एक जुलाई 2026 से सरकार द्वारा निर्धारित पाठ्यक्रम मदरसों में पढ़ाया जा सकेंगे।
राज्य में 250 से अधिक अवैध मदरसे बंद किए गए हैं। उत्तराखंड सरकार भ्रष्टाचार के प्रति जीरो टॉलरेंस की नीति अपना रही है। जिसके तहत तीन वर्षों मैं 200 से अधिक लोगों को जेल का रास्ता दिखाया गया है। जिनमें कई आईएएस और पीसीएस कैडर के अधिकारी भी शामिल है।
उत्तराखंड के लोक निर्माण विभाग और संस्कृति मंत्री सतपाल महाराज, रुड़की से विधायक प्रदीप बत्रा, प्रदेश के कैबिनेट मंत्री अनिल कुमार, राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार कपिल देव अग्रवाल,पूर्व केंद्रीय राज्य मंत्री डॉ संजीव बालियान शामिल रहे।