मुजफ्फरनगर। गांधीनगर स्थित श्री श्यामाश्याम मंदिर में चल रही शिवपुराण कथा में आचार्य जगमोहन भारद्वाज ने शिव पूजा के महत्व से श्रद्धालुओं को परिचित कराया। उन्होंने कहा कि भगवान शिव की पूजा को श्रद्धा और विश्वास से करने पर जन्म मरण के च्रक से मुक्ति मिलती है। इसके साथ ही उन्होंने माता सती द्वारा सीता के वेष में जाकर भगवान राम की परीक्षा लेने का प्रसंग सुनाया।
कथा व्यास ने कहा कि भगवान शिव की पूजा के बड़े नियम नहीं है। वह तो बेलपत्र और जलाभिषेक से प्रसन्न हो जाते हैं। बस मानव को सच्ची श्रद्धा और विश्वास से पूजा करनी चाहिए। इससे पूजा सार्थक होती है और उसका प्रतिफल भी मिलता है। उन्होंने काशी में विश्वनाथ ज्योतिर्लिंग की कथा विस्तार से सुनाई। कथा में हरीश गोयल, ललित अग्रवाल, मनोज अग्रवाल, उदयसिंह,वेदपाल सिंह,मीनाक्षी आदि शामिल रहीं।
मुजफ्फरनगर। रामलीला टीला पर चल रही श्री शिव महापुराण कथा के दूसरे दिन कथा व्यास गंगोत्री तिवारी मृदुल महाराज ने कहा कि इस कलिकाल में भगवान शिव की कथा को सुनने से जीव का कल्याण संभव है। उन्होंने चंचुला के प्रसंग को सुनाते हुए बताया कि चंचुला का पति संस्कार विहीन होकर पथ भ्रष्ट हो गया था। पति के साथ वह भी अपने धर्म से विमुख हो गई थी। एक बार किसी ब्राह्मण से शिव चरित्र को श्रवण किया ओर उसे अपने पाप का पश्चाताप हुआ। चंचुला कुमार्ग से सतमार्ग की तरफ प्रेरित हो गई। शिव भक्ति से अपने लोक और परलोक दोनों को सुधार लिया। कथा के यजमान श्याम सिंह और सोमवती ने पूजन कराया। कथा में सचिन, नीरज गर्ग, राजपाल, डॉ ललित शर्मा, अक्षय गोयल , सुमन बंसल, रामबीर, रविन्द्र सैनी आदि मौजूद रहे।
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शिव-पार्वती के भजनों पर झूमी महिलाए
मुजफ्फरनगर। नई मंडी स्थित कीर्तन भवन में महिला मंडली ने कीर्तन का आयोजन किया। महिलाओं ने मिलकर सावन के भजन और शिव पार्वती के विवाह से जुड़े भजन सुनाए। इसके साथ ही भजनों पर महिलाओं ने सुंदर नृत्य किया। मंदिर के महंत पंडित राघवेंद्र रतूडी ने बताया कि सावन के माह में महिलाएं मिलकर कीर्तन कार्यक्रम का आयोजन करती हैं। इससे उनको सावन माह में शिव महिमा को गाने का पुण्य मिलेगा। इस माह में भगवान शिव की पूजा और भजन का महान पुण्य प्राप्त होता है। सावन के भजन और शिव भजनों से प्रभु की आराधना करती हैं। इस दौरान नीरू गोयल, रेखा मित्तल, ज्योत्सना, यशिका, रीतु मौजूद रहीं।