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शहर में डेढ़ घंटा रही प्रियंका, अफसरों के फूले रहे हाथ पांव

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मुजफ्फरनगर में पूर्व सासंद हरेंद्र मलिक के आवास पर वार्ता करतीं प्रियंका गांधी । - फोटो : MUZAFFARNAGAR
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शहर में डेढ़ घंटा रही प्रियंका, अफसरों के फूले रहे हाथ पांव
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मुजफ्फरनगर। कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा शनिवार को करीब डेढ़ घंटे तक मुजफ्फरनगर में रहीं। उपद्रव में मारे गए नूरा और पुलिस कार्रवाई में घायल लोगों से मुलाकात की, लेकिन उनके यहां आने की जानकारी कांग्रेस के पदाधिकारियों को भी नहीं मिल सकी। राष्ट्रीय सचिव जुुबैर खान के साथ जब वो खालापार में मौलाना असद रजा के आवास पर पहुंची, तब पार्टी के नेताओं को इसकी जानकारी हुई। उधर, बाद में शहर कोतवाली निरीक्षक अनिल कपरवान ने कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी और इमरान मसूद के नाम धारा 144 का नोटिस दिया, जो इमरान मसूद को तामील कराया गया।
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प्रियंका गांधी के आने की खबर पुलिस को भी नहीं मिल सकी। खुफिया विभाग भी इससे अनभिज्ञ रहा। प्रियंका के पीड़ितों के यहां पहुंचने की खबर पाकर पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। एसपी क्राइम आरबी चौरसिया, सीओ सिटी हरीश भदौरिया, शहर इंस्पेक्टर अनिल कपरवान, सिविल लाइन थानाध्यक्ष समयपाल सिंह अत्री आदि अधिकारी पुलिस बल लेकर मौके पर पहुंच गए। पुलिस ने प्रियंका को रोकने का कोई प्रयास नहीं किया, बल्कि पुलिस उनकी सुरक्षा में जुट गई। प्रियंका पहले मौलाना असद के यहां फिर मृतक नूरा के घर और बाद में पूर्व सांसद हरेंद्र मलिक के आवास पर पहुंची। इस दौरान प्रियंका को देखने के लिए भीड़ भी जुट गई। लोगों ने प्रियंका गांधी जिंदाबाद के नारे भी लगाए। प्रियंका के सुरक्षाकर्मी उनके साथ थे, फिर भी भीड़ को देखते हुए पुलिस अफसरों के हाथ पांव फूले रहे। खतौली सीओ आशीष प्रताप सिंह ने उन्हें भंगेला में मेरठ बॉर्डर तक छोड़ा।
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