फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

प्री-क्वार्टर फाइनल में हारीं प्रेरणा भांबरी और जील देसाई

Thu, 15 Nov 2018 12:41 AM IST
अमर उजाला/ब्यूरो, मुजफ्फरनगर
विज्ञापन
टुर्नामेंट में टेनिस खेलतीं महिला खिलाड़ी। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
आईटीएफ महिला टेनिस टूर्नामेंट के सिंगल मुकाबलों में भारत की चुनौती खत्म हो गई है। भारतीय खिलाड़ी प्रेरणा भांबरी और जील देसाई ने अपने मैचों में कड़ा संघर्ष किया, लेकिन जीत नहीं पाईं। जापान की हिरोको क्वाटा ने भारत की सौजन्या बवीशेट्टी को हराया। सर्बिया की नतालिजा कोस्टिक पर भारत की साई स्मिथा पार नहीं पा सकी। कोई भारतीय खिलाड़ी क्वार्टर फाइनल में नहीं पहुंच पाई। सर्विस क्लब के ग्रास कोर्ट पर विदेशी खिलाड़ियों के आगे भारतीय खिलाड़ी टिक नहीं पाईं। हालांकि दिल्ली की प्रेरणा भांबरी और गुजरात की जील देसाई ने अपने मैचों में जबरदस्त प्रदर्शन किया।
विज्ञापन


 कोर्ट एक पर पहला मैच वाइल्ड कार्ड से एंट्री पाई विश्व की 1030 रैंक की भारतीय खिलाड़ी प्रेरणा भांबरी और स्लोवीनिया की नस्तजा कोलार के बीच कांटे की टक्कर हुई। एक घंटा 48 मिनट तक चले मैच में पहला सेट भांबरी ने 4-6 से जीत लिया। दूसरे सेट में भी वह जीत के करीब थी, लेकिन नस्तजा ने वापसी करते हुए सेट 7-5 से अपने हक में कर लिया। तीसरे सेट में नस्तजा ने भांबरी को संभलने का मौका ही नहीं दिया। मैच में नस्तजा के रवैये को लेकर भांबरी ने एतराज भी जताया। अंपायर के फैसले पर विश्व की 347 रैंक की खिलाड़ी नस्तजा ने आपत्ति की। आखिरकार नस्तजा ने अंतिम सेट 6-0 से जीतकर क्वार्टर फाइनल में जगह बना ली।  

कोर्ट दो पर बुधवार को टूर्नामेंट का सबसे लंबी अवधि का मैच खेला गया। दो घंटे 50 मिनट तक चले मैच में भारत की जील देसाई को हराने में स्लोवाकिया की टेरेजा मिहालीकोवा को मेहनत करनी पड़ी। जील भारत की टूर्नामेंट में सबसे ऊंची 577 रैंक की खिलाड़ी थी। पहले सेट में दोनों खिलाड़ियों के बीच दमदार प्रदर्शन हुआ। टाई ब्रेक के बाद 7-6 से टेरेजा यह सेट जीत सकीं। दूसरा सेट जील देसाई ने बेहतरीन अंदाज से 2-6 से अपने हिस्से में किया। तीसरे सेट में टेरेजा ने पूरी ताकत झोंक दी और 6-2 से मैच में फतह पा ली।
विज्ञापन


जापान की कोयका ओकामोरा ने स्विटजरलैंड की कैरिन कैनल के खिलाफ अपना शानदार खेल दिखाया। कोयका ने 6-3, 6-4 से मैच जीत लिया। दूसरे सत्र में टूर्नामेंट में सबसे अच्छी रैंक की खिलाड़ी जापान की हिरोका क्वाटा पर भारत की सौजन्य बवीशेट्टी पार नहीं पा सकी। कोर्ट एक पर एक घंटा 21 मिनट तक चले मैच में हैदराबादी सौजन्या को क्वाटा ने 6-1, 6-4 से शिकस्त देकर क्वार्टर फाइनल में जाने से रोक दिया। आस्ट्रिया की मैलेनी क्लाफनेर ने फिर निराश किया। वर्ष 2013 में यह सिंगल खिताब जीत चुकी क्लाफनेर की राह बुल्गारिया की इलेक्जेंड्रिना नायडेनोवा ने रोक दी।

कोर्ट दो पर पहले सेट में क्लाफनेर को संभलने का भी मौका नहीं मिला। उम्दा सर्विस और तेज रिटर्न के दम पर नायडेनोवा ने 6-0 से पहला सेट जीत लिया। दूसरे सेट में जब तक क्लाफनेर संभली तब तक मैच पर नायडेनोवा का कब्जा हो चुका था। यह सेट क्लाफनेर ने 7-5 से खो दिया। क्लाफनेर का दूसरी बार यह खिताब जीतने का ख्वाब टूट गया। कोर्ट संख्या तीन पर इंडोनेशिया की अल्दिला सुतजियादी ने जीत का सिलसिला जारी रखा। स्लोवाकिया की विक्टोरिया मोरवानोवा को कोर्ट पर अल्दिला ने टिकने ही नहीं दिया।

अल्दिला ने 6-3, 6-1 से मैच जीतकर संकेत दिया कि टूर्नामेंट में उन्हें रोक पाना मुश्किल होगा। तीसरे सत्र के मैच डेढ़ बजे से खेले गए। कोर्ट संख्या एक पर सर्बिया की नतालिजा कोस्टिक ने चेन्नई की साई स्मिथा को 6-3, 6-1 से आसानी से हरा दिया। साई स्मिथा की हार के साथ सिंगल मुकाबलों में भारत की चुनौती खत्म हो गई। कोई भारतीय खिलाड़ी क्वार्टर फाइनल में जगह नहीं बना सकी है। अंतिम सिंगल मैच जर्मनी की एस. सेकुलिक ने 6-3, 6-0 से केवल 57 मिनट में जीत लिया। सेकुलिक के आगे चेक गणराज्य की अन्ना सिस्कोवा बेबस दिखाई दी। 

विदेशी खिलाड़ियों में होगी खिताबी जंग
मुजफ्फरनगर। सर्विस क्लब के ग्रास कोर्ट पर भावना स्वरूप मेमोरियल आईटीएफ महिला टेनिस टूर्नामेंट के सिंगल मुकाबलों में विदेशी खिलाड़ियों के बीच खिताबी जंग होगी। क्वार्टर फाइनल में जो खिलाड़ी पहुंची हैं, उनमें सभी विदेशी हैं। विश्व में 278वीं रैंक की जापान की खिलाड़ी हिरोका क्वाटा और इंडोनेशिया की अल्दिला सुतजियादी के खेल पर सबकी निगाहें ठहर गई हैं। अभी तक ये खिलाड़ी कोई मैच नहीं हारी हैं।  

विदेशी खिलाड़ियों ने टूर्नामेंट में अपना वर्चस्व बना लिया है। ग्रास कोर्ट पर उनकी क्षमता के आगे भारतीय खिलाड़ी ठहर नहीं पाईं। 25 हजार डालर इनाम के आईटीएफ महिला टेनिस टूर्नामेंट में खिताब के लिए विदेशी बालाओं में टक्कर होगी। स्लोवीनिया की नस्तजा कोलार, स्लोवाकिया की टेरेजा मिहालिकोवा, जापान की हिरोका क्वाटा एवं कोयका ओकामोरा, बुल्गारिया की इलेक्जेंड्रिना नायडेनोवा, इंडोनेशिया की अल्दिला सुतजियादी, सर्बिया की नतालिजा कोस्टिक और जर्मनी की एस. सेकुलिक के बीच क्वार्टर फाइनल मुकाबले होंगे। सेमीफाइनल में कौन चार विदेशी खिलाड़ी पहुंच पाएंगी, यह देखने की बात होगी। अभी तक के प्रदर्शन के आधार पर इंडोनेशिया की अल्दिला सुतजियादी और जापान की हिरोका क्वाटा दर्शकों की फेवरेट बनी हुई हैं। टेरेजा मिहालिकोवा और कोयका ओकामोरा भी उलटफेर का दम रखती हैं। 

डबल्स मुकाबले में जापान की जोड़ी की धमाकेदार जीत
भावना स्वरूप मेमोरियल आईटीएफ महिला टेनिस टूर्नामेंट के डबल्स मुकाबलों में जापान की जोड़ी कोयका ओकामोरा और मिचिका ओजेकी ने धमाकेदार जीत दर्ज की। स्लोवीनिया की नस्तजा कोलार और यूएसए की अलेक्जेंड्रा रिले ने भी डबल्स में विजय हासिल की। कोर्ट रोड स्थित सर्विस क्लब की हरी घास पर आईटीएफ टेनिस टूर्नामेंट के तीसरे दिन डबल्स के दो मुकाबले खेले गए। कोर्ट एक पर ढाई बजे पहला मैच हुआ, जिसमें भारत की श्रव्या शिवानी और स्नेहल मैने की जोड़ी का जापान की खिलाड़ियों कोयका ओकामोरा और मिचिका ओजेकी से मुकाबला रहा।

खेल में हावी रही जापान की जोड़ी ने पहला सेट 6-1 से जीत लिया। हालांकि शिवानी और मैने ने दूसरे सेट में वापसी की और 5-7 से ओकामोरा और ओजेकी को हराया। तीसरे सेट में भारतीय जोड़ी पिछड़ गई। ओकामोरा और ओजेकी ने 10-6 से अंतिम सेट जीतकर मैच अपने नाम कर लिया। कोर्ट तीन पर स्लोवीनिया की नस्तजा कोलार और यूएसए की अलेक्जेंड्रा रिले का दबदबा रहा। उज्बेकिस्तान की अल्बिना खबीबुलीना और कजाकिस्तान की कसेनिया पलकिना ने पहला सेट 4-6 से जीत लिया था, लेकिन अंतिम दो सेट में कोलार और रिले की जोड़ी ने शानदार प्रदर्शन किया। यह जोड़ी 6-4, 10-6 से लगातार दो सेट जीतकर मैच जीत गई। डबल्स के मुकाबलों में जीत के बाद यह जोड़ियां क्वार्टर फाइनल में पहुंच गई हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें