पुलिस लाइन में होली खेलते पुलिसकर्मी।
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जनपद में मंगलवार को पुलिस का अलग ही नजारा था। पीड़ित अपनी गुहार को लेकर थानों के बाहर खड़े थे और पुलिस भीतर डीजे पर डांस करने में मशगूल थी। पूरा शहर जाम से जूझ रहा था, लोग खुद ही व्यवस्था बनाने में जुटे थे। पुलिस की होली से लोगों को शहर में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। शहर कोतवाली पुलिस ने तो पीड़ितों को अपने बाहर से भगा दिया।
पुलिस की होली का मंगलवार को ऐसा नजारा था कि कप्तान से लेकर सिपाही तक थानों में लगे डीजे पर डांस करने में मशगूल थे। पीड़ित पक्षों के लोग थानों के बाहर बैठकर पुलिस की होली खतम होने का इंतजार कर रहे थे। शहर कोतवाली के बाहर खालापार की दर्जनों महिलाएं अपनी गुहार लगाने के लिए आई तो पुलिस को बहुत बुरा लगा। कोतवाल और दरोगाओं ने पीड़ितों को हड़काते हुए भगा दिया और कहा कि होली खराब मत करो, कल आना।
बड़े साहब, सीओ सिटी और कोतवाल डांस में मशगूल थे। नई मंडी कोतवाली के बाहर भी पचेंडा की महिलाएं पहुंची तो पुलिस ने कहा कि जांच कर रहे हैं, फिर आना। इससे भी बुरे हालात तो शहर के चौराहों के थे। नावल्टी चौक, प्रकाश चौक, शिवचौक, मिनाक्षी चौक, कोर्ट रोड, मालवीय चौक आदि चौराहों पर लोग जाम में खड़े रहकर बिलबिला रहे थे। सिपाही और होमगार्ड कोई भी चौराहों पर नहीं था। लोगों में जमकर नोकझोंक हो रही थी और कुछ युवा खुद ही कारों और बाइकों से उतरे और जाम खुलवाने में जुट गए। यातायात विभाग के सिपाही पुलिस लाइन में रंगों में डूबे थे।
होली के लिए खुदवाया गड्ढा
मुजफ्फरनगर। कार्रवाई की मांग को लेकर थानों के बाहर फरियादी खड़े थे और शहर के बीच जाम में लोग और पुलिस लाइन में खुदवाए गए गड्ढे में अफसर लोगों को धक्का देकर गिरा रहे थे। पुलिस लाइन में अफसरों ने बड़ा सा गड्ढा खुदवाया था, जो भी पुलिसकर्मी या व्यक्ति वहां जा रहा था पुलिस अफसर उसे उठाकर गड्ढे में फेंक रहे थे। इस बात से अंजान होकर की बाहर शहर में क्या हो रहा है।