शहर में दलितों के आंदोलन के दौरान उपद्रव मचाने वाले आरोपियों की टोह में पुलिस लगी हुई है। रूडकली व जौली गांव में पुलिस ने दबिश दी। पुलिस द्वारा पूछताछ के लिए तीन लोगों को हिरासत में लिया गया। हिरासत में लिए जाने पर महिलाओं ने थाने पहुंच कर धरना प्रदर्शन करते हुए पकड़े गए लोगों को छोडे़ जाने की मांग की। पुलिस ने दो लोगों को पूछताछ के बाद छोड़ दिया।
मुजफ्फरनगर में हुए हिंसा के आरोपियों के विरुद्ध पुलिस प्रशासन कार्रवाई में लगी है। अधिकारियों के आदेश पर पुलिस आरोपियों की टोह में लगी हुई है। मंगलवार रात पुलिस ने रूडक़ली गांव में कई घरों में दबिश देते हुए पिता-पुत्र को हिरासत में ले लिया।
जौली निवासी एक टेलर को भी पुलिस उठा लाई। बुधवार सुबह रूडकली और जौली की महिलाओं ने पाल्ली, बाला, संतरी, सुशीला, फूलमति, बीरमती, राजेंद्री, माला, राजकुमारी, दलबीरी, सावित्री, विमला, संतोष महिलाओं सहित जगदीश, नरेश, नंदू, मूला आदि थाने पहुंचे।
थाने का घेराव कर हिरासत में लिए गए लोगों को निर्दोष बताते हुए छोड़ने की मांग करने लगे। थाना प्रभारी निरीक्षक विजय सिंह ने बताया कि पूछताछ के बाद अरुण व जौली निवासी टेलर को छोड़ दिया गया है, जबकि सुरेश से नई मंडी पुलिस द्वारा पूछताछ की जा रही। उधर, पुलिस द्वारा दी जा रही दबिश से दलित समाज के लोगों में दहशत का माहौल है।
अमरेश की हत्या का मुकदमा दर्ज
मुजफ्फरनगर। दलित आंदोलन में हिंसा और उपद्रव के दौरान हुई फायरिंग में हुई मौत की घटना के संबंध में बुधवार देर रात को पुलिस ने अपनी ओर से अज्ञात लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया है। एसपी सिटी ओमवीर सिंह ने बताया कि परिजनों ने अभी तक मुकदमा दर्ज नहीं कराया था, इसलिए पुलिस ने अपनी ओर से यह मुकदमा नई मंडी कोतवाली पर दर्ज किया है।
दलित आंदोलन के दौरान दो अप्रैल को उपद्रव और हिंसा हुई थी। इसमें हुई फायरिंग में भोपा के गांव गादला निवासी दलित युवक अमरेश पुत्र सुरेश की मौत हो गई थी, जबकि तीन अन्य लोग भी गोली लगने से घायल हुए थे। अभी तक अमरेश के परिजनों ने मुकदमा दर्ज नहीं कराया था।
बुधवार देर रात को नई मंडी कोतवाली पर पुलिस ने अपनी ओर से अज्ञात लोगों के खिलाफ अमरेश की हत्या का मुकदमा दर्ज किया है। उधर, नई मंडी कोतवाली पर ही बुधवार को पांच मुकदमे और दर्ज कराए गए, जिसमें पीएनबी मंडल के सुरक्षा प्रबंधक देवेश हरित की ओर से बैंक के एटीएम को क्षतिग्रस्त कर कैश लूटने का प्रयास करना, वाहनों में आग लगाने का मुकदमा दर्ज कराया गया। पीएनबी मंडल के कुलदीप जैन ने भी आल्टो कार में आग लगाने का मुकदमा दर्ज कराया है।
नागरिकों से उपद्रव की मांगी वीडियो, फोटो
मुजफ्फरनगर। विरोध प्रदर्शन के दौरान हुए उपद्रव और हिंसा की वीडियो और फोटो पोस्ट करने के लिए एसएसपी ने एक व्हाट्सएप नंबर जारी किया है। दो अप्रैल को एससी-एसटी एक्ट में बदलाव के विरोध में हजारों की भीड़ जीआईसी के मैदान में उमड़ी थी।
बाद में भीड़ बेकाबू हो गई। उपद्रव और हिंसा में भोपा के गादला गांव के युवक अमरेश की मौत हो गई थी, जबकि आगजनी और तोडफ़ोड की वजह से शहर में कफ्र्यू जैसा माहौल था। एसएसपी अनंत देव ने व्हाट्सएप नंबर 6396899492 जारी किया है।
नागरिक प्रदर्शन, उपद्रव, तोडफोड और आगजनी से जुड़े हुई वीडियो और फोटो इस नंबर पर सेंड कर सकते है। एसपी सिटी ओमवीर सिंह ने बताया कि वीडियो और फोटो भेजने वाले का नाम गुप्त रखा जाएगा।
व्यापारी सुरक्षा संगठन ने बवाल की निंदा की
मुजफ्फरनगर। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापारी सुरक्षा संगठन के प्रदेश प्रभारी विवेक गर्ग और प्रांतीय अध्यक्ष सुनील ग्रोवर के नेतृत्व में डीएम को ज्ञापन देकर असामाजिक तत्वों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की। व्यापारी नेताओं ने कहा कि सियासी स्वार्थ के लिए दो अप्रैल को शहर में उपद्रव को कराया गया। ज्ञापन देने वालों में सुरेंद्र मित्तल, विकल्प जैन, मौहम्मद सलीम, आशीष तोमर, शलभ गुप्ता, चमन लाल, अश्वनी रहेजा, योगेश शर्मा, सचिन गर्ग, निधिश गर्ग, जनार्दन विश्वकर्मा आदि शामिल रहे।
गादला में अमरेश को दी जाएगी आज श्रद्धांजलि
भोपा। गांव गादला के अमरेश की हिंसा में गोली लगने से मौत हो गई थी। गांव में बृहस्पतिवार को श्रद्धांजलि सभा होगी, जिसको लेकर प्रशासन पूरी तरह से सतर्क हो गया है। प्रशासन ने पूरी तैयारी कर ली है। गांव की सीमाओं को सील कर भारी पुलिस बल तैनात किया जाएगा।
श्रद्धांजलि सभा में बाहरी लोगों के अलावा खुराफाती लोगों को भी गांव में किसी भी सूरत में अंदर घुसने नहीं दिया जाएगा। इसके लिए प्रशासन ने मंगलवार की देर शाम तक पूरी तैयारी कर ली थी।
एससी-एसटी एक्ट में बदलाव के विरोध में सोमवार को भारत बंद को लेकर दलितों के प्रदर्शन करने पर हिंसा भड़क गई थी। हिंसा में भोपा के गांव गादला निवासी अमरेश उर्फ काला की गोली लगने से मौत हो गई थी।
पांच को अमरेश की गांव में श्रद्धांजलि सभा होगी। श्रद्धांजलि सभा में बसपा के पदाधिकारियों, भीम आर्मी व अन्य दलित संगठनों समेत काफी संख्या में दलित लोगों के पहुंचने की संभावना जताई जा रही है।
जिसको लेकर प्रशासन ने सभी तैयारियां पूर्ण कर ली है। भोपा सीओ मौहम्मद रिजवान अहमद ने बताया कि गांव में पूरी तरह शांति है। बृहस्पतिवार को होने वाली श्रद्धांजलि व शोक सभा को लेकर आसपास के थानों का पुलिस व पीएसी बल को लगाया गया है। संदिग्ध व बाहरी खुराफाती तत्वों पर पूरी तरह नजर रखी जाएगी।