दो सफाईकर्मी कूड़ा उठा रहे थे, तभी पिट्ठू बैग में हलचल हुई। बैग खोला तो उसमें नवजात शिशु के साथ शराब का खाली पव्वा और दो जोड़ी चप्पल भी मिली। शिशु एकदम स्वस्थ हालत में है।
जानसठ में नगर पंचायत के सफाई कर्मचारियों को कार्य करने के दौरान कूड़े के ढेर में पड़े पिट्ठू बैग में नवजात शिशु मिला, जो स्वस्थ है। उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। लोगों का कहना है कि कोई कलयुगी मां बच्चे को कूड़े के ढेर पर फेंक कर चली गई।
विज्ञापन
रविवार सुबह नगर पंचायत के सफाई कर्मचारी सुनील भाटिया व शुभम पुराने नगर पंचायत कार्यालय के पास पड़े कूड़ के ढेर से कूड़ा उठा रहे थे। इस दौरान पिट्ठू बैग में बंद जिंदा नवजात शिशु मिला। शुभम ने घर पहुंच कर अपनी मां गीता को बताया। शुभम की मां ने कपड़े में नवजात शिशु को लपेटकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया, जहां से उसे जिला अस्पताल भेज दिया गया।
नवजात शिशु के मिलने की खबर फैलते ही स्वास्थ्य केंद्र पर लोगों की भीड़ लग गई। पुलिस भी मौके पर पहुंची। नवजात शिशु के पास सफाई कर्मी शुभम व उसकी मां गीता मौजूद हैं। नवजात शिशु स्वस्थ है।
बैग में मिला शराब का खाली पव्वा व चप्पल
नगर पंचायत सफाई कर्मचारियों को कूड़े के ढेर में मिले कपड़े के बैग में नवजात शिशु के अलावा शराब का खाली पव्वा और एक जोड़ी लेडीज चप्पल भी मिली। पुलिस ने जांच-पड़ताल शुरू की है।
नवजात शिशु को गोद लेने के लिए लगी भीड़
नवजात शिशु (लड़का) के मिलने की खबर पूरे कस्बे में फैल गई। कस्बे के लोगों की नवजात शिशु को गोद लेने के लिए अस्पताल में भीड़ लग गई। चिकित्सकों ने नवजात शिशु को किसी को गोद नहीं दिया।
इन्होंने कहा-
नवजात शिशु के शरीर पर खरोंच के निशान थे। इसलिए उसे जिला अस्पताल भेजा गया है। जांच में पता चला कि नवजात शिशु नौ माह बाद ही पैदा हुआ है। रविवार अलसुबह ही जन्म लेने की संभावना है। - डॉक्टर अजय कुमार, चिकित्सा प्रभारी, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जानसठ।
कानपुर शिशु नर्सरी में भेजा जाएगा नवजात शिशु
मुजफ्फरनगर अस्पताल के चिकित्सकों के मुताबिक, नवजात शिशु फिलहाल उपचार के लिए जिले की शिशु नर्सरी में छह दिन तक भर्ती रहेगा। इसके बाद नवजात शिशु को कानपुर शिशु नर्सरी में भेज दिया जाएगा, जहां पर उसका उपचार किया जाएगा।