फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मुजफ्फरनगर: SIT ने वकील को दी क्लीन चिट, कोर्ट में दाखिल की अंतिम रिपोर्ट, जज की पत्नी ने दर्ज कराया था केस

Fri, 28 Oct 2022 12:20 PM IST
कपिल kapil अमर उजाला ब्यूरो, मुजफ्फरनगर

सार

Muzaffarnagar News: मुजफ्फरनगर के चर्चित मामले में SIT ने वकील को क्लीन चिट दे दी है। वहीं कोर्ट में अंतिम रिपोर्ट दाखिल की गई है। इस मामले में जज की पत्नी ने केस दर्ज कराया था।
विज्ञापन
अदालत। - फोटो : amar ujala
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

Muzaffarnagar News: मुजफ्फरनगर जिले में तैनात रहे अपर जिला जज संदीप गुप्ता की पत्नी नीरू अग्रवाल की ओर से अधिवक्ता अमित कुमार के खिलाफ दर्ज कराए गए मुकदमे में एसआईटी ने अंतिम रिपोर्ट लगा दी है। चर्चित प्रकरण में सुप्रीम कोर्ट के दखल के बाद प्रदेश के डीजीपी ने गौतमबुद्घ नगर में तैनात आईपीएस लव कुमार की अध्यक्षता में एसआईटी का गठन किया था।

विज्ञापन


अधिवक्ता अमित कुमार जैन ने अपर जिला जज एवं उनकी पत्नी नीरू अग्रवाल पर गंभीर आरोप लगाते हुए उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश को शिकायत की थी। इस मामले में बातचीत की एक ऑडियो भेजी गई थी। अमित जैन के खिलाफ एडीजे की पत्नी ने सिविल लाइन थाने में मुकदमा कायम कराया था। मुकदमे की जांच सीबीआई से कराने के लिए हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। लेकिन हाईकोर्ट से राहत नहीं मिलने पर सुप्रीम कोर्ट में एसएलपी दाखिल की, जिसका सुप्रीम कोर्ट ने संज्ञान लिया।

इसके बाद हाईकोर्ट ने एडीजे संदीप गुप्ता को शीर्ष अदालत में सुनवाई से पहले निलंबित करते हुए मुरादाबाद में संबद्ध कर दिया था। इस संबंध में उच्च न्यायालय के रजिस्ट्रार जनरल ने सुप्रीम कोर्ट में काउंटर एफेडेविट दाखिल किया। सुनवाई के बाद सुप्रीम कोर्ट ने यूपी के डीजीपी को मामले की जांच के लिए एसआईटी का गठन करने के आदेश दिया था। जिसमें एक आईपीएस, एक एसएचओ और एक डिप्टी एसपी नियुक्त किए जाए। दो सप्तााह में एसआईटी की स्टेट्स रिपोर्ट दाखिल करने के आदेश दिए थे।
विज्ञापन


यह भी पढ़ें: Muzaffarnagar : बुलेट पर सवार होकर निकले टिकैत, कार्यकर्ताओं को पढ़ाया अनुशासन का पाठ

विज्ञापन

एसआईटी में शामिल रहे अधिकारी
डीजीपी द्वारा जिला गौतम बुद्घनगर के अपर पुलिस कमिश्नर आईपीएस लव कुमार एसआईटी के प्रभारी नियुक्त किए गए थे। उनके साथ डिप्टी एसपी आलोक दुबे और इंस्पेक्टर संजीव कुमार विश्नोई को सदस्य नियुक्त किया गया। पिछले दिनों एसआईटी टीम ने एक सप्ताह तक मुजफ्फरनगर में रहकर मामले से जुड़े लोगों के बयान लिए और छानबीन की थी।

क्या था मामला ?
अधिवक्ता अमित कुमार जैन ने छोटे भाई के अपहरण और हत्या के मामले में सजा के नाम पर अपर जिला जज संदीप गुप्ता एवं उनकी पत्नी नीरू अग्रवाल पर गंभीर आरोप लगाए थे। इस संबंध में एक ऑडियो भी मुख्य न्यायाधीश को भेजी थी। उसके बाद जज की पत्नी द्वारा अमित जैन पर गंभीर धाराओं में मुकदमा कायम कराया था।
 
यह भी पढ़ें: UP : बिजनौर-सहारनपुर जिला कारागार में बंदी भाइयों को तिलक कर बहनों ने मांगी दुआएं, लगी रहीं लंबी कतारें

एसआईटी ने इन बिंदुओं पर की जांच
एसआईटी ने एडीजे की पत्नी द्वारा अधिवक्ता अमित जैन पर लगाए आरोपों की जांच कई बिंदुओं पर की। एफआईआर में दर्शाए गवाहों के बयान संकलित किए। सीसीटीवी फुटेज का अवलोकन किया। अमित से बातचीत की ऑडियो रिकॉर्डिंग और मोबाइल नंबरों की सीडीआर आदि के तहत मुकदमे को बेबुनियाद मानते हुए मामले को खारिज कर दिया और रिपोर्ट सीजेएम कोर्ट में दाखिल कर दी गई है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें