आरोप है कि प्रधान ने अपने साथियों के साथ मिलकर रेस्टोरेंट संचालकों पर हमला कर दिया। कुछ देर बार थाना सिविल लाइन पुलिस पहुंची और सन्नी चौधरी और जैनित को मौके से पकड़ लिया, जबकि प्रदीप पाल फरार हो गया। रेस्टोरेंट संचालक ने तीनों आरोपियों के खिलाफ धारा 307 में मुकदमा दर्ज किया।
पुलिस दोनों आरोपियों का मेडिकल कराने जिला अस्पताल पहुंची तो यहां भाकियू के बघरा ब्लॉक अध्यक्ष अमरजीत के नेतृत्व में कार्यकर्ता पहुंच गए और पुलिस के साथ धक्का-मुक्की करते हुए सन्नी और रोनित कतो छुड़ाकर ले गए। आरोपियों को छुड़ाने के मामले में पुलिस हरकत में आई। देर रात दबिश देकर पुलिस ने 10 आरोपियों का चालान कर दिया।
भाकियू प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत सुबह करीब साढ़े नौ बजे नगर कोतवाली पहुंचे और कार्यकर्ताओं को छोडऩे की मांग के लिए धरने पर बैठ गए। पूर्व सांसद हरेंद्र मलिक, रालोद के निवर्तमान अध्यक्ष प्रभात तोमर, अजीत राठी, ओमपाल मलिक और सपा नेता साजिद त्यागी मौके पर पहुंचे। सात घंटे बाद एडीएम नरेंद्र बहादुर सिंह, सिटी मजिस्ट्रेट अनूप कुमार, सीओ सिटी कुलदीप कुमार के साथ बातचीत हुई। निष्पक्ष जांच के आश्वासन पर धरना समाप्त हो गया।