मुजफ्फरनगर। आर्थिक संकट से जूझ रही नगर पालिका को 14वें वित्त की धनराशि से बड़ी राहत मिलेगी। शासन ने नगर पालिका को करीब दस करोड़ रुपये जारी करने की मंजूरी दी है। इससे पहले 3.93 करोड़ रुपये की राशि से विकास कार्यों के प्रस्ताव तैयार किए जा रहे हैं।
नगर पालिका में विकास कार्यों को लेकर खींचतान मची हुई है। वर्तमान में नगर पालिका के पास करीब तीन करोड़ 93 लाख रुपये की 14वें वित्त की धनराशि है। इससे काम कराने के लिए प्रस्ताव तैयार किए जा रहे हैं। इसे लेकर सभासद और चेयरपर्सन के बीच मतभेद चल रहा है। कुछ सभासदों ने उनसे प्रस्ताव नहीं लेने का आरोप लगाया है। उधर, चेयरपर्सन अंजू अग्रवाल भी ईओ पर विकास कार्यों की सूची बदलने का आरोप लगा चुकी है। हर कोई इस धनराशि से अपनी पसंद के काम कराना चाहता है। फिलहाल सूची को अंतिम रूप नहीं दिया गया है। उधर, नगर पालिका प्रशासन के लिए अच्छी खबर यह है कि शासन ने 14वें वित्त के अंतर्गत करीब दस करोड़ रुपये की मंजूरी दे दी है। शीघ्र ही यह राशि नगर पालिका को मिलने की उम्मीद है। इस धनराशि के मिल जाने से शहर के विकास को पंख लग सकेंगे। साथ ही सभासदों और पालिका प्रशासन के बीच चल रही खींचतान भी कम हो जाएगी। क्योंकि इतनी धनराशि नगर के अधिकांश वार्डों में काम कराए जा सकेंगे। इस संबंध में ईओ विनय कुमार मणि त्रिपाठी का कहना है कि शीघ्र ही धनराशि मिलने की उम्मीद है।