बलिदान दिवस पर मुखर्जी को याद किया
मुजफ्फरनगर। भारतीय जनता पार्टी ने बलिदान दिवस पर डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी को याद किया। उनके चित्र पर कार्यकर्ताओं ने पुष्पांजलि अर्पित की। जिला चिकित्सालय में रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया।
भाजपा ने पार्टी कार्यालय पर बालिदान दिवस पर कार्यक्रम आयोजित किया और जिला चिकित्सालय में ब्लड डोनेट कैंप लगाया। पार्टी कार्यालय पर सभी कार्यकर्ताओं ने मुखर्जी के चित्र पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्घांजलि अर्पित की। प्रत्येक मंडल पर बलिदान दिवस मनाया गया। सभी मंडलों पर मुख्य वक्ता के रूप में मंडल के प्रभारी रहे। पार्टी कार्यालय एवं रक्तदान शिविर के दौरान जिलाध्यक्ष विजय शुक्ला ने कहा कि भारतीय जनसंघ के संस्थापक डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी जम्मू-कश्मीर को भारत का पूर्ण और अभिन्न अंग बनाना चाहते थे। वह पहले व्यक्ति थे, जो भारत की एकता तथा एकीकरण के लिए शहीद हुए। पीएम नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह ने उनके सपने को साकार करने का काम किया। पूर्व जिलाध्यक्ष रूपेंद्र सैनी ने कहा कि अगस्त 1952 में जम्मू की विशाल रैली में उन्होंने अपना संकल्प व्यक्त किया था कि या तो मैं आपको भारतीय संविधान प्राप्त कराऊंगा या फिर इस उद्देश्य की पूर्ति के लिये अपना जीवन बलिदान कर दूंगा। 23 जून 1953 को श्रीनगर में कारावास की स्थिति में रहस्यमय परिस्थितियों में उनका देहांत हो गया। जिला उपाध्यक्ष नितिन मलिक, महामंत्री सुषमा पुंडीर, रोहिल वाल्मीकि, विजय सैनी, जिला मंत्री सुनील दर्शन, सचिन सिंघल, डॉ पुरुषोत्तम उपस्थित रहे। जिला चिकित्सालय में डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी के बलिदान दिवस पर रक्तदान शिविर में 23 कार्यकर्ताओं ने रक्तदान किया। सुनील दर्शन, विकास अग्रवाल, युवा मोर्चा के जिला अध्यक्ष कुशवेंद्र तोमर, सागर वाल्मीकि, रजत त्यागी, सन्नी वर्मा उपस्थित रहे। रक्तदान करने वालों में मनन, तरुण पाल, सिद्धार्थ, अनु भव, उज्ज्वल त्यागी, टिंकू, नलिन, वैभव, ओमसिंह, शशांक, अनंत, शोभित, भुवनेश, कार्तिक, जयकरण, राहुल, आदित्य, रवि, विक्रांत, मनस्वी, करण आदि रहे।