पत्नी समेत आठ हत्यारों को आजीवन कारावास
मुजफ्फरनगर। पति की हत्या में शामिल महिला समेत आठ हत्यारों को फास्ट ट्रैक कोर्ट ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने अभियुक्तों पर अर्थदंड भी लगाया है। छह साल पहले मंसूरपुर के गांव मोरकुक्का में अनिल की हत्या उसकी पत्नी और ससुराल वालों ने की थी।
गांव बहादरपुर निवासी रामपाल ने मंसूरपुर थाने पर 23 अगस्त 2013 को अपने बेटे अनिल कुमार की हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था। बताया था कि उसके बेटे अनिल कुमार की शादी गांव मोरकुक्का निवासी जयपाल की बेटी संजो के साथ हुई थी। मोरकुक्का में उसने भी जमीन खरीदी थी तथा अनिल के साथ वह भी रहता था। शादी के कुछ समय बाद अनिल कुमार और संजो में मनमुटाव रहने लगा था। घटना के दिन ईख की बंधाई का कार्य चल रहा था। मैं और अनिल अन्य लोगों के साथ खेत में ईंख बंधाई का काम कर रहे थे। महिला संजो अपने पिता जयपाल पुत्र बलवंत, भाई प्रवीण पुत्र जयपाल, दयाचंद पुत्र बलवंत, सोमपाल पुत्र दयाचंद, नवीन पुत्र धर्मवीर , वेदपाल पुत्र प्रकाश, प्रदीप पुत्र हरदेवा के साथ खेत पर पहुंची। सभी ने एक राय होकर अनिल कुमार पर लाठी डंडों व धारदार हथियारों से हमला कर दिया, जिससे अनिल कुमार की मौके पर ही मौत हो गई। इस मुकदमे की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश बलराज सिंह की अदालत फास्ट ट्रैक कोर्ट संख्या- 2 में हुई। सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता फिरोज अली और प्राइवेट कौंसिल दुष्यंत कुमार त्यागी ने कोर्ट में आठ गवाह व सबूत पेश किए। न्यायाधीश ने दोनों पक्षों को सुनते हुए अभियुक्त संजो, उसके पिता जयपाल पुत्र बलवंत, भाई प्रवीण के अलावा परिजन दयाचंद पुत्र बलवंत, सोमपाल पुत्र दयाचंद , नवीन पुत्र धर्मवीर, वेदपाल पुत्र प्रकाश, प्रदीप पुत्र हरदेवा को अनिल की हत्या करने का दोषी करार दिया। सजा पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने सभी को धारा 147 के तहत एक-एक वर्ष का कारावास व एक-एक हजार रुपये का जुर्माना , धारा 148 के तहत दो -दो वर्ष का कारावास व एक-एक हजार रुपये जुर्माना और धारा 302/149 के तहत सभी को आजीवन कारावास और दस-दस हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है। सजा सुनाए जाने के बाद सभी अभियुक्तों को जेल भेज दिया गया।