मुजफ्फरनगर में विख्यात कथकली कलाकार कलामंडलम अमलजीत ने सहकलाकारों के साथ अद्भुत प्रस्तुति देकर दर्शकों को चकित कर दिया। अपनी कॉस्टयूम एवं मेकअप के लिए प्रसिद्ध इस शास्त्रीय नृत्य की बारीकियों से भी छात्र-छात्राओं का अवगत कराया।
स्पिक मैके ने भागवंती सरस्वती इंटर कॉलेज एंव एसडी कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी में आयोजन किया। कार्यक्रम का शुभारंभ कलामंडलम अमलजीत ने दर्शक दीर्घा को कथकली की पारंपरिक शैली मेें प्रणाम कर किया। विभिन्न मुद्राएं प्रदर्शित कर नृत्य की भाषा से परिचय कराया। कपिथाकम, हंसपक्षम पताका आदि 24 मुद्राओं के माध्यम से नृत्य को बखूबी प्रस्तुत कर भरपूर तालियां बटोरी।
उस्ताद बिस्मिल्लाखान युवा पुरस्कार से सम्मानित अमलजीत ने महाभारत की कल्याणसौगंधिकम कथा को प्रस्तुत कर खूब तालियां बटोरी। द्रोपदी के आग्रह पर भीम का वन में एक विशेष पुष्प लेने जाना तथा वहां उपस्थित दृष्य को जिस खूबी से प्रस्तुत किया गया वह वास्तव में अद्भुत रहा। अमलजीत ने एक नृत्य रचना भी प्रस्तुत की। कलामंडलम एमएन हरिकुमार के द्वारा पारंपरिक वेषभूषा एंव मेकअप के साथ मंच पर पदार्पण करते ही हाल तालियों से गूंज उठा। उन्होंने कथकली की मनमोहक रचना पेश कर सब को मंत्रमुग्ध कर दिया। सहकलाकारों में राजेश मेनन, गोप कुमार, श्रीदेवी, विजेश कुमार ने बखूबी साथ निभाया। सूर्या एन नायर ने हिंदी और अंग्रेजी में कॉमेटरी पेश की।
भागवंती में प्रबंध समिति के विनोद मित्तल, सुभाष कुमार, प्रधानाचार्य सुनीता गौड ने दीप प्रज्वलन किया। कलाकारों का अभिनंदन हुआ। संचालन शिवानी धीमान ने किया। एसडी कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग में निदेशक एसएन चौहान और प्राचार्य एके गौतम, प्रीति सिंह ने दीप प्रज्वलित किया। डॉ गीतांजलि, सुनयना ने स्वागत किया। कार्यक्रम में डॉ एनएन पंत, मृदुला मित्तल, नीति मित्तल, गरिमा जैन, विपिन जैन, भूदेव सिंह, अभिनव अादि रहे।