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वादकारियों को समय पर न्याय मिले : भोसले

Mon, 24 Apr 2017 12:15 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, मुजफ्फरनगर
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लाइब्रेरी का उद्घाटन करते हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस डीबी भोसले। - फोटो : amar ujala
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मुजफ्फरनगर। हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस डीबी भोसले ने कहा कि वादकारियों को समय पर सुलभ न्याय मिलना चाहिए। इसके लिए जरूरी है कि बार और बेंच के बीच परस्पर समन्वय हो। दोनों को पूरी निष्ठा के साथ कार्य करना होगा। लोगों का जो विश्वास न्याय पालिका पर है, वह विश्वास हमें कायम रखना होगा। उन्होंने कई दशकों से लंबित पड़े वादों पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि वादों का समय से निस्तारण होना चाहिए। इसके लिए हमने जजों को छह दिनों का काम पांच दिनों में करने को कहा है। बशर्ते इस कार्य में अधिवक्ताओं का भी पूर्ण सहयोग चाहिए। उन्होंने कहा कि वकील हड़ताल से बचे, वे अपने हित के साथ वाद कारी के हित को भी प्राथमिकता दें।
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रविवार को जिला बार संघ में हुए अभिनंदन समारोह में हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस डीबी भोसले ने कहा कि लोगों का विश्वास इस संस्था पर है, हमें वो विश्वास कायम रखना है। वाद कारी चाहता है कि उसे समय से न्याय मिले, वो उसे मिलना चाहिए। बार और बेंच के समन्वय से यह संभव है। सभी को अपने कर्तव्य को पूरी निष्ठा से करना होगा, ऐसा नहीं होने पर लोगों का विश्वास टूट जाएगा, हमें इस विश्वास को कायम रखना है। उन्होंने वकीलों से हड़ताल से बचने का आह्वान किया। कहा कि हड़ताल के कारण ही वाद लंबित हो जाते हैं। उन्होंने जजों से छह दिन का काम पांच दिनों में पूरा करने के आदेश दिए हैं, ताकि लंबित वादों का जल्द से जल्द निस्तारण हो सके। इसलिए जजों पर प्रेशर है और वही प्रेशर वकीलों पर है। इसके पीछे उद्देश्य वादों के निस्तारण का है। इसमें वकीलों का पूरा सहयोग चाहिए। उन्होंने कहा कि मुजफ्फरनगर में पचास जज है, वो एक दिन में तीन मुकदमों का निस्तारण करते हैं, यदि अधिवक्ताओं की हड़ताल के कारण कोर्ट बंद हो जाए, तो एक ही दिन में करीब 150 मुकदमे पीछे चले जाएंगे। 

प्रदेश की अदालतों में छह लाख वाद लंबित
मुजफ्फरनगर। हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस डीबी भोसले ने कहा कि इस समय हाईकोर्ट में करीब 9 लाख वाद लंबित है, जबकि प्रदेश की अदालतों में करीब छह लाख मुकदमे लंबित है। उन्होंने कहा कि इस जिले में भी हजारों वाद लंबित है, जिनमें से वर्ष 1980 और 1982 तक के भी वाद लंबित है। 
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बार और बेंच न्याय रथ के दो पहिये
मुजफ्फरनगर। जिले के प्रशासनिक जज हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति रणविजय सिंह ने कहा कि पीड़ित हताश होकर न्यायपालिका की शरण में आता है, उसे समय से सुलभ न्याय मिलना चाहिए। बार और बेंच एक दूसरे के पूरक हैं, दोनों की न्याय रथ के पहिये हैं, इसलिए दोनों में परस्पर समन्वय होना चाहिए। वकील हड़ताल से बचे, ताकि वादकारी को समय से न्याय मिल सके। वकील अपने मुवक्किल के विश्वास को कायम रखे। न्यायमूर्ति विवेक चौधरी ने विचार रखे। 

दोनों बार ने किया अभिनंदन
मुजफ्फरनगर। जिला बार संघ और सिविल बार एसोसिएशन ने हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस डीबी भोसले का अभिनंदन किया। साथ में न्यायमूर्ति रणविजय सिंह, विवेक चौधरी का भी अभिनंदन किया गया। अभिनंदन समारोह में जिला जज डॉ गोकुलेश, मेरठ के जिला जज समेत सभी न्यायिक अधिकारियों के अलावा डीएम डीके सिंह, एसएसपी बबलू कुमार भी मौजूद रहे। चीफ जस्टिस ने जिला बार संघ की लाइब्रेरी का भी उद्घाटन किया। इस दौरान जिला बार संघ के कार्यकारी अध्यक्ष कुलदीप पुंडीर, महासचिव सुरेंद्र कुमार मलिक, यशपाल राठौर, नासिर अली, ब्रजपाल सिंह डबाल, उदयवीर पोरिया आदि मौजूद रहे। सिविल बार के कार्यक्रम में अध्यक्ष अनिल कुमार दीक्षित, महासचिव गौरव कुमार गोयल, रोहित त्यागी, मेधना शर्मा, मनोज सैनी, प्रदुम्मन कुमार, सोमपाल सिंह, तेग बहादुर, सुगंध जैन, अजयपाल आदि मौजूद रहे।

कोर्ट परिसर में सीसीटीवी कंट्रोल रूम का उद्घाटन
मुजफ्फरनगर। हाईकोर्ट इलाहाबाद के चीफ जस्टिस ने कोर्ट परिसर में सीसीटीवी कंट्रोल रूम का उद्घाटन किया। कोर्ट परिसर में अब सुरक्षा व्यवस्था के लिए हर गतिविधि की निगरानी यहां लगाए गए 63 कैमरे करेंगे। इसके लिए कंट्रोल रूम भी बनाया गया है। चीफ जस्टिस ने अभिनंदन समारोह के उपरांत जिला पंचायत के चौधरी चरण सिंह सभागार में मुजफ्फरनगर और मेरठ के न्यायिक अधिकारियों की भी बैठक ली। बैठक के बाद उन्होंने कचहरी परिसर में दीवारों पर बनाई जा रही पेेंटिंग का भी अवलोकन किया।
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