खतौली तहसील में फिल्म के निर्माता एवं निर्देशक का पुतला फूंकते जाट समाज के लोग।
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खतौली। तहसील में जाट समाज के लोगों ने ऐतिहासिक विषय पर आधारित फिल्म पानीपत में महाराजा सूरजमल के चरित्र को अपमानजनक तरीके से फिल्माने का आरोप लगाते हुए फिल्म निर्माता एवं निर्देशक आशुतोष गोवारिकर का पुतला फूंका। उन्होंने फिल्म पर तुरंत प्रतिबंध लगाने और निर्माता एवं निर्देशक तथा लेखक के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कराने की मांग को लेकर महामहिम राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन तहसीलदार को सौंपा।
बृहस्पतिवार को आर्य समाज में जाट महासभा की बैठक हुई। वक्ताओं ने कहा कि फिल्म निर्माता एवं निर्देशक आशुतोष गोवारिकर ने फिल्म पानीपत में राष्ट्र गौरव महाराजा सूरजमल के चरित्र का गलत तरीके से वर्णन किया गया है। इसे लेकर जाट समाज के लोगों में भारी आक्रोश है। वक्ताओं का कहना था कि महाराजा सूरजमल राष्ट्र गौरव थे, उनका अपमान किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। फिल्म के निर्माता एवं निर्देशक ने इतिहास के साथ छेड़छाड़ की गई है, जो बिलकुल गलत है। बैठक के बाद जुलूस निकालते हुए जाट समाज के लोग तहसील में पहुंचे और फिल्म के निर्माता एवं निर्देशक का पुतला दहन किया। जाट समाज के लोगों ने फिल्म पर प्रतिबंध लगाने और निर्माता-निर्देशक पर मुकदमा दर्ज कराने की मांग को लेकर राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन तहसीलदार भगत सिंह को सौंपा। पुतल दहन करने वालों में जाट महासभा के अध्यक्ष जसबीर राणा, महासचिव धर्मेन्द्र तोमर, प्रधान धनेंद्र तोमर, राकेश चौधरी, अनुज सहरावत, अरविंद बालियान, दयानंद आर्य, राहुल तोमर आदि रहे।