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Muzaffarnagar: राज्यमंत्री के नाम पर साइबर ठगी का प्रयास, निजी सहायक बनकर किया कॉल, शिकायत पर जांच शुरू

Wed, 19 Aug 2026 11:45 PM IST
मेरठ ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुजफ्फरनगर

सार

मुजफ्फरनगर में राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल के नाम से साइबर ठगी का प्रयास। फर्जी निजी सहायक बनकर व्हाट्सऐप कॉल की गई और उड़ान का टिकट बुक कराने को कहा गया। शिकायत के बाद सिविल लाइन और साइबर पुलिस ने जांच शुरू की।
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कौशल विकास एवं उद्यमशीलता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कपिल देव अग्रवाल - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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मुजफ्फरनगर में राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल के नाम से साइबर ठगी के प्रयास के मामले में पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। शिकायतकर्ता से सिविल लाइन थाना प्रभारी ने वार्ता कर पूरे मामले की जानकारी ली। पुलिस के अनुसार मामला साइबर अपराध से जुड़ा है, इसलिए जांच में साइबर थाना टीम की मदद भी ली जाएगी।

फर्जी निजी सहायक बनकर किया था संपर्क

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शिकायतकर्ता घास मंडी निवासी ट्रेवल्स कंपनी संचालक मोहम्मद शाहिद के अनुसार, 17 अगस्त को उनके मोबाइल पर व्हाट्सऐप कॉल आई। कॉल करने वाले ने खुद को राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल का निजी सहायक बताया। इसके बाद कथित तौर पर उनकी मंत्री से भी बात कराई गई। बताया गया कि एक परिचित के लिए 18 अगस्त को लखनऊ से चंडीगढ़ की उड़ान का टिकट बुक करना है।

 

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शक होने पर ठगी से बच गए शिकायतकर्ता
मोहम्मद शाहिद के अनुसार, बातचीत के दौरान उन्हें शक हुआ। उन्होंने मामले को संदिग्ध मानते हुए कोई भुगतान नहीं किया और ठगी से बच गए। इसके बाद उन्होंने मामले की शिकायत मुख्यमंत्री पोर्टल के साथ पुलिस अधिकारियों से भी की और आरोपी को गिरफ्तार करने की मांग उठाई।

सिविल लाइन थाना पुलिस ने शुरू की जांच
सिविल लाइन थाना प्रभारी इंद्रजीत सिंह ने शिकायतकर्ता से मुलाकात कर पूरे मामले की जानकारी ली। उन्होंने बताया कि प्रकरण की जांच शुरू कर दी गई है। मामला साइबर अपराध से संबंधित होने के कारण साइबर थाना पुलिस की भी सहायता ली जाएगी।

सिविल लाइन और साइबर पुलिस को जांच के आदेश
अपर पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ के मिश्रा ने बताया कि मामले में सिविल लाइन थाना और साइबर थाना पुलिस को जांच के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस कॉल और बातचीत से जुड़े तथ्यों की पड़ताल कर रही है। आरोपी की पहचान और गिरफ्तारी के लिए भी जानकारी जुटाई जा रही है।

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