शक होने पर ठगी से बच गए शिकायतकर्ता
मोहम्मद शाहिद के अनुसार, बातचीत के दौरान उन्हें शक हुआ। उन्होंने मामले को संदिग्ध मानते हुए कोई भुगतान नहीं किया और ठगी से बच गए। इसके बाद उन्होंने मामले की शिकायत मुख्यमंत्री पोर्टल के साथ पुलिस अधिकारियों से भी की और आरोपी को गिरफ्तार करने की मांग उठाई।
सिविल लाइन थाना पुलिस ने शुरू की जांच
सिविल लाइन थाना प्रभारी इंद्रजीत सिंह ने शिकायतकर्ता से मुलाकात कर पूरे मामले की जानकारी ली। उन्होंने बताया कि प्रकरण की जांच शुरू कर दी गई है। मामला साइबर अपराध से संबंधित होने के कारण साइबर थाना पुलिस की भी सहायता ली जाएगी।
सिविल लाइन और साइबर पुलिस को जांच के आदेश
अपर पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ के मिश्रा ने बताया कि मामले में सिविल लाइन थाना और साइबर थाना पुलिस को जांच के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस कॉल और बातचीत से जुड़े तथ्यों की पड़ताल कर रही है। आरोपी की पहचान और गिरफ्तारी के लिए भी जानकारी जुटाई जा रही है।