शामली। अमेरिका ने भारत पर लगाए गए 25 प्रतिशत टैरिफ को घटाकर 18 प्रतिशत कर दिया है। टैरिफ में की गई इस सात प्रतिशत कटौती से अब जनपद शामली से अमेरिका में एक बार फिर रिम-धुरा का निर्यात शुरू होने की उम्मीद जगी है। इसके लिए जिले के उद्यमियों ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। उद्यमियों का कहना है कि अब रिम-धुरा के साथ-साथ धूप-बत्ती सहित अन्य उत्पाद भी अमेरिका भेजे जा सकेंगे।
वर्तमान में जनपद में 250 से 300 औद्योगिक इकाइयां संचालित हैं। इनमें रिम-धुरा, गैस चूल्हा, पेपर, माचिस, धूप-अगरबत्ती, स्टील, तांबा, पीतल के बर्तन, फाइबर, कागज, प्लास्टिक, लकड़ी की चम्मच और प्लेट निर्माण से जुड़ी इकाइयां शामिल हैं। कंडेला औद्योगिक क्षेत्र में 150 से अधिक औद्योगिक इकाइयां पहले से कार्यरत हैं, जबकि झिंझाना क्षेत्र में शामली टेक्सटाइल पार्क भी विकसित किया जा रहा है।
शामली में तैयार रिम-धुरा की आपूर्ति अमेरिका, इंग्लैंड, फ्रांस, स्पेन, इजरायल और रूस समेत कई देशों में की जाती है। टैरिफ बढ़ने के बाद पिछले छह माह से अमेरिका के कैलिफोर्निया और फ्लोरिडा जैसे राज्यों में जिले से रिम-धुरा का निर्यात बंद पड़ा था।
आईआईए के पूर्व जिलाध्यक्ष आशीष जैन ने बताया कि टैरिफ घटने के बाद अब फिर से अमेरिका में रिम-धुरा का निर्यात संभव हो सकेगा। वहां के कुछ उद्यमियों से बातचीत चल रही है, जिससे व्यापार को बढ़ावा मिलेगा। उद्यमी अपूर्व जैन का कहना है कि यदि टैरिफ में और कटौती की जाए तो निर्यात को और अधिक प्रोत्साहन मिलेगा।
उद्यमी अनुज गर्ग ने बताया कि टैरिफ घटने का सीधा लाभ जिले के उद्यमियों को मिलेगा। अमेरिका में धूप और अगरबत्ती भेजने की योजना तैयार की जा रही है। प्रयास रहेगा कि जल्द ही अन्य देशों के साथ-साथ अमेरिका में भी धूप-अगरबत्ती का निर्यात शुरू किया जाए।