मुजफ्फरनगर। रामपुर तिराहा कांड में पीड़ितों से हथियारों की फर्जी बरामदगी के मामले में अब 28 मई को सुनवाई होगी। अपर सिविल जज सीनियर डिवीजन देवेंद्र सिंह फौजदार सुनवाई कर रहे हैं।
एक अक्तूबर, 1994 को अलग राज्य की मांग के लिए देहरादून से बसों में सवार होकर आंदोलनकारी दिल्ली के लिए निकले थे। देर रात रामपुर तिराहा पर पुलिस ने आंदोलनकारियों को रोकने का प्रयास किया था। पुलिस की फायरिंग में सात आंदोलनकारियों की मौत हो गई थी। सीबीआई ने जांच की। अलग-अलग मामले की सुनवाई अदालत में चल रही है उत्तराखंड संघर्ष समिति के अधिवक्ता अनुराग वर्मा ने बताया कि सीबीआई बनाम बृज किशोर की पत्रावली में बृज किशोर, उमेश कुमार और अनिल कुमार आरोपी है। शामली के झिंझाना थाने के तत्कालीन इंस्पेक्टर रहे बृज किशोर मुख्य आरोपी हैं। बृहस्पतिवार को सुनवाई के बाद 28 मई की तिथि तय की गई है। ब्यूरो