मुजफ्फरनगर। मुजफ्फरनगर दंगे के दौरान नंगला मंदौड़ पंचायत के परिवाद के मामले में सपा सांसद हरेंद्र मलिक, कौशल विकास राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल, पूर्व मंत्री सुरेश राणा, पूर्व सांसद कुंवर भारतेंद्र, एमएलसी अशोक कटारिया कोर्ट में पेश हुए। आरोपी सचिन के गैरहाजिर रहने पर गिरफ्तारी वारंट जारी कर दिए गए। सिविल जज सीनियर डिवीजन/विशेष एमपी एमएलए कोर्ट के पीठासीन अधिकारी देवेंद्र सिंह फौजदार ने 17 दिसंबर नियत की है।
नंगला मंदौड़ इंटर कॉलेज के मैदान पर 31 अगस्त 2013 को हुई पंचायत के मामले में तत्कालीन एडीएम प्रशासन की ओर से 21 आरोपियों के खिलाफ धारा 188 में परिवाद दर्ज कराया गया था। सपा सांसद हरेंद्र मलिक, पूर्व मंत्री सुरेश राणा, राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल, पूर्व विधायक उमेश मलिक, प्राची साध्वी, डासना मंदिर के महंत यति नरसिंहानद, पूर्व विधायक अशोक कंसल, पूर्व मंत्री डॉ. संजीव बालियान, पूर्व सांसद भारतेंद्र सिंह, श्याम पाल, पूर्व सांसद सोहनवीर सिंह, पूर्व मंत्री अशोक कटारिया अदालत में पेश हुए। आरोपी सचिन के गैर जमानती वारंट जारी कर दिए गए हैं।
उधर, प्रकरण में कुल 21 आरोपी थी, जिनमें से पूर्व प्रमुख वीरेंद्र कुतुबपुर का निधन हो चुका है। प्रकरण की सरकार बनाम श्यामपाल पत्रावली में भी आरोपी कोर्ट में पेश हुए। सुनवाई 12 दिसंबर को होगी।र