मऊ जेल से शिफ्ट हुए गोरखपुर के कुख्यात सत्यव्रत राय और रेप के आरोपी एवं पूर्व मंत्री मसूद मदनी की सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। तन्हाई में बंद दोनों की कोठरियों के बाहर तीन-तीन सिपाही सुरक्षा में तैनात किए गए हैं। इसके इतर जेल के आला अफसर भी दोनों पर नजर रखे हुए हैं। दोनों को 24 घंटे में से सुबह-शाम एक-एक घंटे के लिए तन्हाई बैरक से बाहर निकाला जाएगा। जेलर और डिप्टी जेलर की मौजूदगी में ही दोनों की मिलाई होगी।
उत्तराखंड में कांग्रेस सरकार में दर्जा प्राप्त राज्यमंत्री रहे मसूद मदनी हरियाणा के जींद निवासी महिला से दुष्कर्म के आरोप में जेल में बंद होने के बाद सहारनपुर से शनिवार रात जिला कारागार भेजे गए थे। मंत्री के अलावा कुख्यात श्रीप्रकाश शुक्ला के गुरु रहे गोरखपुर के सत्यव्रत राय को मऊ जेल से जनपद की जेल में शिफ्ट किया गया है। जेल अफसरों ने दोनों को तन्हाई बैरकों में रखा है। दोनों के लिए अफसरों ने अलग से व्यवस्था बनाई है। जेल अधीक्षक राकेश सिंह ने बताया कि सुरक्षा के मद्देनजर तन्हाई में दोनों की बैरकों के बाहर तीन-तीन सिपाही सुरक्षा में लगाए गए हैं।
सुबह-शाम एक-एक घंटे के लिए दोनों को बैरकों सेे बाहर निकलने की इजाजत होगी। दिन में होने वाली मिलाई के लिए आने वालों का पूरा ब्योरा रजिस्टर में दर्ज कराया जाएगा, जिसमें मिलाई पर आने वाले का रिश्ता, पता आदि तमाम तरह की जानकारियां दर्ज कराई जाएंगी। दोनों की डिटेल शासन को भेजी जाएगी। मिलाई जेलर राजेश कुमार सिह और डिप्टी जेलर की देखरेख में ही होगी। जेल अधीक्षक ने बताया कि इनके अलावा बाहर से आए बाकी चार बंदियों की बैरकों को सुरक्षा की दृष्टि से जल्दी-जल्दी बदला जाएगा।
50 कैदी किए जाएंगे अन्य जेलों में शिफ्ट
मुजफ्फरनगर। दूसरी जेलों में स्थानांतरण करने की प्रक्रिया में जेल अफसरों ने 32 बंदियों की सूची के बाद अब 50 ऐेसे कैदियों को सूचीबद्ध किया है, जिन्हें सूबे की दूसरी जेलों में भेजा जाएगा। सूची शासन को भेजी जा रही है। योगी सरकार प्रदेश की जेलों में बंद कुख्यात बदमाशों और हंगामा करने वालों को दूसरे जनपदों की कारागार में स्थानांतरित करने में जुटी है।
जनपद कारागार में बंद करीब ढाई हजार बंदियों में से 650 सजायाफ्ता कैदी हैं। नई सरकार के गठन के बाद मिले आदेशों पर जेल अधीक्षक राकेश सिंह ने जेल के 32 बंदियों की सूची शासन को भेजी थी, जिसमें से सात को दूसरी जेलों में शिफ्ट किया जा चुका है। अफसरों ने 50 कैदियों की सूची और तैयार की है। इस सूची को शासन को भेजा जा रहा है। आदेश मिलते ही कैदियों को दूसरी जेलों में भेज दिया जाएगा।