तितावी (मुजफ्फरनगर)। बघरा में मकान के बंटवारे को लेकर चल रहे विवाद में चचेरे भाई की गोली मारकर हत्या कर दी गई। मामले में महिला समेत पांच लोगों के खिलाफ नामजद रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। सभी आरोपी फरार हैं, जिनकी तलाश की जा रही है।
थाना क्षेत्र के कस्बा बघरा निवासी शाहिद (40) पुत्र शफात ट्रक चलाता था। शाहिद का अविवाहित चाचा मत्थू उन्हीं के पास रहता था, जिसका मकान उन्हीं के पास था। परिवार के अन्य लोग उक्त मकान का बंटवारा चाहते थे, जबकि शाहिद पक्ष इससे इंकार कर रहा था। रविवार सुबह करीब 7.10 बजे शाहिद का दूसरा चाचा नजर खां, चाची शमीमा, चचेरे भाई गुलशेर, बरकत व अजमत उसके घर पहुंचे। उन्होंने मत्थू के मकान का बंटवारा करने के लिए कहा। इसे लेकर उनकी शाहिद से कहासुनी हो गई। अजमत ने अंटी से तमंचा निकालकर शाहिद को गोली मार दी और फरार हो गए। परिजन शाहिद को अस्पताल ले गए, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया।
सूचना पर एसपी देहात आलोक शर्मा, सीओ फुगाना सिद्धार्थ तोमर व इंस्पेक्टर डीके त्यागी फोर्स के साथ पहुंचे और शव को मोर्चरी भेज दिया। शाहिद के भाई अमजद ने नामजद तहरीर दी, जिस पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर हत्यारोपियों की तलाश शुरू कर दी है। उधर, एसएसपी अभिषेक यादव ने बताया कि पारिवारिक विवाद में युवक को गोली मारी गई है। महिला समेत पांच आरोपियों के खिलाफ तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है।
हत्या के बाद बाइक लूटकर फरार हुए आरोपी
तितावी (मुजफ्फरनगर)। कस्बा बघरा में रविवार सुबह संपत्ति बंटवारे के विवाद में युवक की हत्या करने के आरोपियों ने घटना के चंद मिनटों बाद बस स्टैंड पर बनत के युवक से बाइक लूट ली। पुलिस बाइक मालिक की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच कर रही है।
शामली जनपद के कस्बा बनत के मोहल्ला प्रेमनगर निवासी नीरज ने तितावी थाने में तहरीर देकर बताया कि वह रविवार सुबह मुजफ्फरनगर से घर लौट रहा था। सुबह करीब 7.30 बजे जब वह बघरा के बस स्टैंड पर पहुंचा तो दो युवक दौड़ते हुए वहां पहुंचे और उस पर तमंचे तान दिए। इसके बाद आरोपियों ने नीरज से बाइक लूट ली और धमकी देते हुए गांव अलीपुर खुर्द की ओर फरार हो गए। बाइक लूट की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और लुटेरों की तलाश की, लेकिन उनका सुराग नहीं लगा। नीरज की तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात लुटेरों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। हालांकि पुलिस शाहिद के हत्यारोपियों द्वारा ही बाइक लूटे जाने की पुष्टि करने से बच रही है। इंस्पेक्टर डीके त्यागी का कहना है कि बाइक तो लूटी गई है, लेकिन लुटेरे शाहिद के हत्यारोपी हैं, फिलहाल इसकी पुष्टि नहीं हो पा रही है। जांच की जा रही है और जल्द ही मामले का खुलासा कर दिया जाएगा।
हिस्ट्रीशीटर मत्थू 30 साल पहले हो गया था लापता
तितावी। कस्बा बघरा निवासी शफात के पांच अन्य भाई थे। इनमें शेरू, नजर खां, मजहर, मत्थू व मेहराब थे। परिवार के पास करीब डेढ़ सौ बीघा जमीन थी। इनमें मत्थू तितावी थाने का हिस्ट्रीशीटर था, जिसके खिलाफ कई संगीन मुकदमे दर्ज थे। मत्थू बड़े भाई शफात के घर पर ही रहता था, जिसके चलते उसके हिस्से में आया पैतृक मकान भी शफात पक्ष के ही कब्जे में था। मत्थू करीब 30 साल पूर्व संदिग्ध हालात में लापता हो गया था, जिसकी मौत होने की आशंका जताते हुए 150 बीघा जमीन का पांच भाइयों में एकसमान बंटवारा हो गया था, जबकि मत्थू का मकान शफात पक्ष के ही कब्जे में रह गया था। अब मत्थू के उक्त मकान पर शेरू व नजर खां के बेटे नजरें गड़ाए हुए थे और शफात के बेटे शाहिद से उसका बंटवारा करने के लिए कह रहे थे। शाहिद पूर्व समय से मत्थू का मकान अपने कब्जे में रहने की बात कहते हुए इससे इंकार कर रहा था, जिसके चलते उनके बीच काफी समय से विवाद चल रहा था।
दिन निकलते ही हत्या से मची अफरातफरी
तितावी। बघरा में रविवार सुबह दिन निकलते ही शाहिद की हत्या से क्षेत्र में सनसनी फैल गई। सूचना मिलते ही एसपी देहात आलोक शर्मा, सीओ फुगाना सिद्धार्थ तोमर और इंस्पेक्टर डीके त्यागी मौके पर पहुंचे और जांच-पड़ताल शुरू की। इसके बाद पुलिस आरोपियों की तलाश में पहुंची, लेकिन घर पर कोई नहीं मिला। केवल बच्चे और महिलाएं ही मौजूद थीं। रविवार शाम करीब चार बजे पोस्टमार्टम के बाद शाहिद का शव घर पहुंचा, जिसे देखते ही परिवार की महिलाएं होश खो बैठीं। बाद में गमगीन माहौल में शव को सुपुुर्दे-खाक कर दिया गया।