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गुरु से मिले ज्ञान के आधार पर मिली कामयाबी

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पवन कुमार सॉफ्टवेयर विशेषज्ञ चरथावल - फोटो : MUZAFFARNAGAR
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गुरु से मिले ज्ञान के आधार पर मिली कामयाबी
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चरथावल। गुरु से मिले ज्ञान को जीवन में अपनाकर विद्यार्थी कामयाबी की बुलंदियां छू लेते हैं। देश के शीर्ष सॉफ्टवेयर इंजीनियर पवन कुमार की उपलब्धियां यहीं साबित करती हैं। प्राइमरी शिक्षक किशन लाल शर्मा की ‘कभी झूठ मत बोलो’ की सीख ने उन्हें आईटी क्षेत्र में न केवल भरोसेमंद बनाया, बल्कि उनके करियर को ऊंची उड़ान दी।
चरथावल कस्बे की मिट्टी में निखरे पवन कुमार देश के ख्यातिलब्ध सॉफ्टवेयर विशेषज्ञ हैं। आईबीएम के पहले चेयरमैन बने और विश्व में दूसरे नंबर की सॉफ्टवेयर कंपनी विमोक्षा टेक्नोलॉजी खड़ी की। बंगलूरू में उनकी कंपनी का हेड आफिस है, जिसे सीएमएमआई ट्रेड मिलना बड़ी सफलता है। बाजार कलां निवासी पवन की उम्र 72 साल की हो चुकी है, मगर वे जीवन निर्माण में अपने शिक्षकों के नैतिक मूल्यों को नहीं भूले। कहते हैं कि प्राथमिक स्कूल में अध्यापक किशन लाल शर्मा की दी हुई सीख कामयाबी की नींव बनी तथा व्यक्तित्व निखारने में काम आई। गुरु से मिले कभी झूठ नहीं बोलना के मूलमंत्र को जीवन में अपनाया। क्योंकि झूठ बोलने से पुरानी बात याद रखनी पड़ेगी। सत्यवचन हमेशा याददाश्त को मजबूत बनाते हैं। निष्ठा, समर्पण के साथ सत्य की राह ने उन्हें नौकरी के अलावा हर क्षेत्र में भरपूर तरक्की, विश्वास और सम्मान दिलाया।
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एक परिचय
कस्बे में लाला इंद्रसेन के यहां जन्मे पवन कुमार ने गांधी इंटर कॉलेज से इंटर तक शिक्षा ग्रहण की। बड़े भाई शिक्षा प्रेमी ब्रह्मप्रकाश की प्रेरणा और मार्गदर्शन से उन्होंने कानपुर से वर्ष 1969 में आईआईटी कानपुर से बीटेक और वर्ष 1972 में एमटेक किया। 550 रुपये की मासिक वेतन से दो वर्ष तक वही करियर का आगाज किया। सॉफ्टवेयर कंपनी टीसीएस में ज्वाइन करने के बाद 19 वर्ष तक कार्य किया। योग्यता के दम पर इस कंपनी में वह सीनियर वाइस प्रेसीडेंट पद तक पहुंचे। बंगलूरू में आईबीएम ग्लोबल सर्विस में 1976 से 80 तक वह पहले प्रेसिडेंट का पद संभाला। वर्तमान में आईबीए और माइंड मैट्रिक्स कंपनी में सलाहकार के रूप में सेवाएं दे रहे हैं। बताते हैं माइंड मैट्रिक्स कंपनी देश में इंजीनियरिंग करने वाले विद्यार्थियों को आईटी से जुड़े बिंदुओं का ज्ञान प्रदान करती है। यूपी की यूपीटीयू संस्था से जुड़े 725 कॉलेज के छात्र- छात्राओं के कौशल को आईटी क्षेत्र में दक्ष कर रही है।
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