अधिकारियों ने अवैध गन्ना तौल सेंटर पर छापा
मोरना। मोरना में अवैध गन्ना तौल सेंटर पर गन्ना विभाग के अधिकारियों ने अचानक छापा मारा। इस दौरान गन्ना खरीद करने वाले लोग भागकर खेतों में घुसकर फरार हो गए। गन्ना विभाग के अधिकारियों ने गन्नों से लदे ट्रक और गन्ना बरामद किया। किसानों ने छापा डालने का विरोध किया। गुस्साए किसानों ने गन्ना अधिकारियों का घेराव करते हुए हंगामा खड़ा कर दिया। किसानों और अधिकारियों के बीच घंटों चली वार्ता के बीच सहमति बनी। जिला गन्ना अधिकारी आरडी द्विवेदी ने अज्ञात लोगों के विरुद्ध भोपा थाने में मुकदमा दर्ज कराया। मौके से करीब 300 क्विंटल गन्ना जब्त किए जाने की बात कही।
सोमवार को जिला गन्ना अधिकारी आरडी द्विवेदी, गन्ना विकास अधिकारी डॉक्टर यशपाल सिंह, ज्येष्ठ गन्नाधिकारी सचिव संजय कुमार, मोरना मिल प्रबंधक हर्षवर्धन कौशिक, सीओ अवधेश कुमार, सीओ भोपा राममोहन शर्मा पुलिस बल के साथ अवैध गन्ना तौल सेंटरों पर छापा डाला। गन्ना खरीदने वाले लोग गन्ना सेंटर छोड़कर जंगल के रास्ते फरार हो गए। टीम ने मुरादाबाद के हबीब नामक ट्रांसपोर्टर के गन्ना ढोने वाले ट्रक को पकड़ लिए। कई सौ क्विंटल गन्ना भी बरामद किया। इस बीच किसानों ने छापा डालने का विरोध करते हुए अधिकारियों का घेराव करते हुए हंगामा खड़ा कर दिया। हंगामे की सूचना पर एसडीए कुलदीप मीणा भी मौके पर पहुंचे। भाजपा किसान नेता अमित राठी, प्रधान महक सिंह, भोरी, हरेंद्र , रविश, युनित, खिलेंद्र , सुशील, पप्पल, मोनू, विक्रम कसाना, आदेश, बिटटु, रविन, आदि किसानों ने बताया कि किसान सामूहिक रूप से एकत्र होकर आपस में किसान परिवारों का गन्ना को लिया जाता है, जिसको भारी किराया खर्च कर दूरदराज के शुगर मिल को पहुंचाया जाता है। इसका मुख्य कारण मोरना मिल की पेराई क्षमता कम होना है। अधिकारियों और किसानों के बीच घंटों चली वार्ता के बाद सहमति बन गई। जिला गन्ना अधिकारी आरडी द्विवेदी ने बताया कि मौके से अवैध गन्ना मिला है, जो मोरना मिल को भिजवाया गया है। नियम 46 के तहत गन्ना किसानों का निस्तारण एसडीएम जानसठ कोर्ट में होगा। गन्ना खरीद के मामले में अज्ञात लोगों के विरुद्घ भोपा थाने में मुकदमा कायम कराया गया है।